युवक ने इसकी शिकायत एसडीएम पिंडरा जयप्रकाश से की। एसडीएम ने सिंधोरा इंस्पेक्टर के जरिए दरोगा को तहसील में तलब किया। दरोगा अपनी हुंडई कार से एसडीएम कार्यालय के सामने तक पहुंच गया। भुक्तभोगी ने दरोगा के बिना कागजात की कार से क्षेत्र में धौंस जमाने का अंदेशा जताया। इस पर एसडीएम ने जब दरोगा से कागजात मांगे तो वह नहीं दे सका।
काफी देर बाद दूसरे के नाम के इंश्योरेंस की छायाप्रति दिखाई। इस पर एसडीएम ने फटकार लगाई और सीओ पिंडरा को इस आशय के साथ आदेशित किया कि कार के कागजात न होने पर जांच करते हुए कार्रवाई करें।