अधिकारी के अनुसार, मार्ग के एक हिस्से में करीब चार से पांच मीटर की गहराई में मुख्य सीवर पाइपलाइन डाली जा रही है। सड़क की सतह से करीब डेढ़ मीटर नीचे दोनों तरफ 250 एमएम व्यास की आरसीसी पाइप डालने की योजना है। करीब 15 से 20 घरों के बाद दोनों तरफ सीवर चैंबर बनाए जाएंगे। इन चैंबरों से आसपास के घरों की सीवर लाइन जोड़ी जाएगी। जरूरत के अनुसार चैंबरों को मुख्य गहरी सीवर लाइन से जोड़ा जाएगा।
काम में ट्रेंचलेस तकनीक का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। इसके तहत दो स्थानों पर गहरे गड्ढे खोदकर पुशिंग मशीन और जैक की मदद से जमीन के नीचे पाइपलाइन डाली जा रही है। इस तकनीक से पूरी सड़क खोदने की जरूरत नहीं पड़ती। इससे निर्माण कार्य के दौरान ऊपर यातायात को भी अपेक्षाकृत कम प्रभावित किया जा सकेगा।