प्रदेश में कोरोना के संदिग्ध मरीजों के मिलने के बाद अब स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा है। काशी में भी स्वास्थ्य विभाग ने चौदह देशों से आने वाले पर्यटकों को लेकर विशेष सतर्कता बरतनी शुरू कर दी है। सीएमओ ने एडवाइजरी जारी कर होटल, लॉज संचालकों से पर्यटकों को सर्दी, खांसी, बुखार, सांस लेने में तकलीफ आने पर इसकी सूचना स्वास्थ्य विभाग को देने को कहा है। उधर जांच के लिए दीनदयाल अस्पताल के पैथालॉजी को नोडल सेंटर बनाया गया है जबकि गंभीर मरीजों के भर्ती करने की सुविधा आईएमएस बीएचयू में रहेगी।
कोरोना वायरस को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट पर है। दीनदयाल अस्पताल में 24 घंटे चिकित्सकों, कर्मचारियों की तैनाती की गई है। दस बेड का आईसोलेशन वार्ड बनाया गया है। इस बीच ऐसे देश जो नोवल कोरोना वायरस से ग्रसित हैं, उनके पर्यटकों के काशी आने पर विशेष निगरानी का निर्णय लिया गया है।
सीएमओ डॉ. वीबी सिंह ने बताया कि चीन, कोरिया, जापान, ईरान, इटली, हांगकांग, मकाऊ, वियतनाम, मलेशिया, इंडोनेशिया, नेपाल, सिंगापुर, थाईलैंड और ताइवान से आने वाले पर्यटकों को लेकर होटल, लॉज, हॉस्टल संचालकों को सतर्कता बरतने को कहा गया है। यह भी कहा गया है कि अगर ऐसे लोगों में बुखार, सर्दी, खांसी, सांस लेने में तकलीफ हो तो इसकी सूचना तुरंत मोबाइल नंबर 9453171825 पर दी जा सकती है।
आठ का सैंपल निगेटिव, 13229 की स्क्रीनिंग
स्वास्थ्य विभाग की ओर से आठ लोगों का सैंपल वीडीआरएल लैब केजीएमयू लखनऊ को भेजा गया था, जिसकी रिपोर्ट निगेटिव आई है। सीएमओ ने बताया कि इसके अलावा बाबतपुर एयरपोर्ट पर बने हेल्प डेस्क पर अब तक 13229 यात्रियों की स्क्रीनिंग और स्वास्थ्य परीक्षण किया जा चुका है। इनमें अब तक कोरोना वायरस से ग्रसित 12 देशों से 172 यात्री आए थे, जिसमें 128 यात्री एयरपोर्ट से ही अन्य जिलों में चले गए। 25 यात्री जिले में रहने के बाद दूसरे जिले में चले गए। इस समय 19 यात्री जिले में हैं, जिसकी नियमित सूचना लखनऊ को दी जा चुकी है।
निजी अस्पतालों को भी देनी होगी जानकारी
सीएमओ ने बताया कि आईएमए अध्यक्ष और सचिव के साथ ही नर्सिंग होम एसोसिएशन के अध्यक्ष, सचिव को पत्र लिखकर निजी अस्पतालों को भी सतर्क किया गया है। यह भी कहा गया है कि अगर कोई भी संभावित मरीज मिलता है तो उसकी सूचना आईडीएसपी सेल को तुरंत दिया जाए। साथ ही जरूरत पड़ने पर दीनदयाल अस्पताल में आईसोलेशन वार्ड में भर्ती कराने के साथ ही सैंपल जांच के लिए उपलब्ध कराया जाए।