वाराणसी। सामाजिक दूरी का पालन न करना बड़ी समस्या बन रहा है। अब तक सामने आए कोरोना संक्रमण के मामले इस बात की तस्दीक करते हैं। जिले में 68 लोग कोरोना से संक्रमित मिले, इनमें से 54 लोगों में संक्रमण की पुष्टि कांटैक्ट ट्रैसिंग के दौरान हुई। मंगलवार को भी चारों मामले कांटैक्ट ट्रैसिंग के दौरान ही सामने आए। स्पष्ट है, हमेें समझना होगा कि सोशल डिस्टेंसिंग सिर्फ दूसरों को ही नहीं, बल्कि यह आपकेे साथ आपके अपनों को भी बचाती है।
सबसे पहले दो जमातियों संक्रमण का पता चला। कांटैक्ट ट्रैसिंग में एक के बाद एक 18 मामले सामने आए। ऐसे ही गंगापुर कपड़ा व्यापारी के संपर्क में आने से उसकी पत्नी और बहू संक्रमित हुई। मढ़ौली के दवा कारोबारी के मामले में भी यही देखने को मिला। उसके पिता, पत्नी, बहन और एक बच्ची भी कोरोना के चपेट में आए। साथ ही संपर्क में आने से उसके कर्मचारी और ग्राहक भी कोरोना से संक्रमित हुए। यह भी इसीलिए हुआ क्योंकि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं किया गया। पितरकुंडा के सुपारी व्यापारी के मामले में भी यही हुआ। उसकी बहू, पोता-पोती भी संक्रमित हुए। बीएचयू की छात्रा से उसका बेटा संक्रमित हुआ। अब डाक कर्मी और अधिवक्ता की कांटैक्ट ट्रैसिंग में चार लोग पॉजिटिव मिले हैं। चिकित्सकों का कहना है कि बिना सामाजिक दूरी के नियम का पालन किए इस स्थिति से निपटना संभव नहीं है।
जमातियों से 18, दवा कारोबारी से 13 संक्रमित
जिले में अब तक संपर्क में आए 54 मरीजों में सर्वाधिक 18 मरीज तबलीगी जमात या उनसे संपर्क वाले हैं, जबकि दवा कारोबारी के संपर्क वाले कुल 13 लोग हो चुके हैं। इसके अलावा गंगापुर में तीन, पितरकुंडा में चार, बीएचयू पोस्टडॉक्टोरल छात्रा के संपर्क में आने वाले तीन लोगों के बाद अब नगर निगम चौकी के पास बने डाकघर पर कार्यरत कर्मचारी और काजीपुर खुर्द के अधिवक्ता के संपर्क में आने वाले दो- दो लोग भी कोरोना की चपेट में आ गए हैं।
केजीएमयू से मिली 85 की रिपोर्ट में 81 निगेटिव
मंगलवार को केजीएमयू से आई 85 लोगों की रिपोर्ट में 81 निगेटिव मिले हैं। जबकि चार मरीज पॉजिटिव आए हैं। जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने बताया कि दो मई को लिए गए 87 सैंपल में से 85 की रिपोर्ट मिली है। इसमें मरीजों के संपर्क में आने वाले 52, ईएसआईसी फ्लू ओपीडी के 15 और बीएचयू में लिए गए 20 सैंपल शामिल थे।
जितना घर में रहेंगे, उतना ही बेहतर
जितना घर में रहा जाएगा, संक्रमण का खतरा उतना ही कम रहेगा। संक्रमण से बचने के लिए सजगता और सतर्कता बहुत जरूरी है। -डॉ. प्रसन्न कुमार, मंडलीय अस्पताल, कबीरचौरा
जिस तरह से संक्रमण बढ़ रहा है, उससे स्पष्ट है कि घर में रहकर ही इससे बचा जा सकता है। बहुत जरूरी न हो तो घर से बाहर न निकलें। -डॉ. प्रवीण प्रताप, दीनदयाल अस्पताल
संपर्क से संक्रमित रीज
जमातियों से 18
दवा कारोबारी से 13
पुलिसकर्मी 09
पितरकुंडा के व्यापारी से 04
गंगापुर के कारोबारी से 03
पोस्ट डॉक्टोरल छात्रा से 03
डाक कर्मी से 02
अधिवक्ता से 02