विशाल के पिता और कांग्रेस नेताओं ने कहा कि शहीद विशाल के अंतिम दर्शन के समय पीएम और सीएम के प्रतिनिधि के रूप में आए मंत्री नीलकंठ तिवारी व मंत्री अनिल राजभर ने तब कहा था कि सांस्कृतिक संकुल में विशाल की प्रतिमा लगेगी। जिस गली में आवास है वहां मुख्य द्वार बनेगा। साथ ही गली का नाम भी शहीद के नाम पर रखा जाएगा।
आज ढाई वर्ष बीतने के बाद भी एक काम नहीं हुआ। कांग्रेस के महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने कहा कि सरकार के वादे कब पूरे होंगे। शहीद के सम्मान में निर्माण कार्य के लिए सीएम के ऑफिसियल ट्विटर से ट्वीट किया गया था लेकिन धरातल पर कोई कार्य नहीं हुआ।
विमान क्रैश होने से गई जान
आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार सिर्फ वादों तक सीमित है। बता दें कि विशाल पांडेय 2005 में भारतीय वायुसेना में शामिल हुए थे। विशाल वायुसेना में को-वायलट थे। सीमा पर हवाई सुरक्षा के दौरान फरवरी 2019 में शहीद हो गए थे। उनका विमान एमआई- 17 तकनीकी खराबी के कारण बडगाम में क्रैश हो गया था।