आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत द्वारा सेना को लेकर दिए गए बयान पर सियासी घमासान जारी है। सोमवार को वाराणसी पहुंचे कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद ने भागवत पर हमला बोला।
राज्यसभा में विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजाद ने आरएसएस प्रमुख के बयान को बेतुका बताते हुए कहा कि सेना नहीं, सरकार कमजोर है। उन्होंने कहा कि यह वही सेना है जिसने पाकिस्तान के तीन-तीन हमलों का डट कर मुकाबला किया और विजय पताका फहराई।
उन्होंने आगे कहा कि इस समय केंद्र में कांग्रेस की सरकार नहीं है। उनके अपने ही समर्थकों की सरकार है। वह अपने प्रधानमंत्री को समझाएं, पाकिस्तान प्रायोजित आतंकी हमलों से लोगों के जान-माल की सुरक्षा करेंगे।
सोमवार को वाराणसी के नागरी नाटक मंडली में कांग्रेस के मंडलीय कार्यकर्ता सम्मेलन के दौरान पत्रकारों से बातचीत के दौरान आजाद ने कहा कि जम्मू कश्मीर में भाजपा और मोदी की सरकार में जितने हमले हुए हैं, उतने अब तक कभी नहीं हुए हैं।
आतंकवादी सेना के कैंप पर हमला कर रहे हैं। इसकी वजह केंद्र सरकार के पास कश्मीर और पाकिस्तान को लेकर स्पष्ट नीति नहीं है। यह भी कहा कि महंगाई इतनी कभी नहीं थी। बेरोजगारी बढ़ रही है। देश की अर्थव्यवस्था चौपट हो गई है।