माई सिटी रिपोर्टर
वाराणसी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को मोहनसराय-कैंट के चौड़ीकरण, वाराणसी-प्रयागराज रेल खंड पर हरदत्तपुर-राजातालाब के मध्य मोहनसराय-अदलपुरा मार्ग पर बन रहे रेल पुल निरीक्षण किया। इसके बाद मोहनसराय दीनदयाल उपाध्याय नगर चकिया मार्ग के मध्य सर्विस लेन के साथ छह लेन और मोहनसराय से कैंट तक चार लेन का निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने अफसरों को निर्देश दिए कि इन सभी कार्यों को हर हाल में अगस्त तक पूरा कर लें।
निरीक्षण के बाद मुख्यमंत्री ने कालभैरव और काशी विश्वनाथ का विधिवत दर्शन पूजन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दौरान उन्होंने काशी विश्वनाथ मंदिर में ऑडियो गाइड की सुविधा का शुभारंभ किया। वाराणसी-प्रयागराज रेल खंड पर हरदत्तपुर-राजातालाब के मध्य समपार संख्या 10ए/स्पेशल किमी 219/8-9 में मोहनसराय-अदलपुरा मार्ग पर 4222.20 लाख की लागत से बन रहे रेल सेतु बनाया जा रहा है। इसके अलावा मोहनसराय दीनदयाल उपाध्याय नगर चकिया मार्ग के मध्य सर्विस लेन के साथ 6 लेन और मोहनसराय से कैंट तक 4 लेन का 41253.32 लाख की लागत से 11.80 किमी लंबाई के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण कार्य हो रहा है। अफसरों ने बताया कि इसका लगभग 89 फीसदी काम पूरा हो चुका है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इसे हर हाल में अगस्त तक पूरा करें।
मोहनसराय-अदलपुरा रेल पुल पूरा होने के बाद वाराणसी में मोहनसराय-अदलपुरा मार्ग डाला क्वैरी, चोपन क्वैरी और सुक्रुत क्वैरी से गिट्टी एवं बालू ट्रकों द्वारा गंगा नदी पर निर्मित चुनार गंगा सेतु से वाराणसी, भदोही, बाबतपुर आदि क्षेत्रों को पहुंचाने में कम दूरी तय करनी पड़ेगी। इस रेल उपरिगामी सेतु के बन जाने से मोहनसराय-अदलपुरा मार्ग के आसपास के लोगों को वाराणसी शहर, राजातालाब उप निबंधक कार्यालय गंगापुर, अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बाबतपुर आदि क्षेत्र को जाने में समय की बचत होगी।