प्रबुद्धजन सम्मेलन में सीएम योगी
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युवा रोजगार की तलाश में दूसरे राज्यों व शहरों में न जाएं, इस दिशा में काम करना है। निवेशक आएंगे तो रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। युवाओं को शहरों में ही रोजगार मिल जाएगा। अब स्वरोजगार अपनाने का चलन बढ़ा है। ज्यादातर युवा नौकरी मांगने के बजाय देने वाला बनना चाह रहे हैं। केंद्र और प्रदेश सरकार ने सुरक्षा, निवेश, शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में बेहतरीन वातावरण का निर्माण किया है। इस गति को रुकने नहीं देना है।
किसी ने नहीं सोचा था कि काशी में गरीबों को आवास की सुविधा मिलेगी। अब तक वाराणसी में 43 हजार गरीबों को आवास मिल चुका है। यह सिलसिला चलता रहेगा। बीते आठ साल में हम सबने बदलती हुई काशी को देखा है। उन्होंने प्रबुद्धजनों से आह्वान किया कि काशी में निवेश के अधिक से अधिक अवसर की तलाश करें।
मुख्यमंत्री ने भाजपा पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं में जोश भी भरा है। उन्होंने कहा कि विकास की इस रफ्तार को रुकने नहीं देना है। इसके लिए नगर निकायों में भाजपा की सरकार बननी जरूरी है। ट्रिपल इंजन की सरकार हमेशा तेज गति से काम करती है। केंद्र व राज्य की डबल इंजन की सरकार प्रदेश को विकास की राह पर ले आई है। अब इसे ऱफ्तार देने का काम चल रहा है। भाजपा पदाधिकारी व कार्यकर्ता घर-घर दस्तक दें। साथ ही केंद्र व राज्य सरकार की नीतियों बताकर समर्थन मांगें।
सरकार के कामकाज से जनता खुश है। इससे पहले क्षेत्रीय अध्यक्ष महेश चंद श्रीवास्तव ने विश्वनाथ धाम का मॉडल देकर मुख्यमंत्री का स्वागत किया। इस मौके पर कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर, राज्यमंत्री रविंद्र जायसवाल, राज्यमंत्री डॉ दयाशंकर मिश्र दयालु, भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष महेश चंद श्रीवास्तव, महापौर मृदुला जायसवाल, जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्या, जिलाध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा, महानगर अध्यक्ष विद्यासागर राय, शहर दक्षिणी विधायक डॉ. नीलकंठ तिवारी, विधायक अवधेश सिंह, विधायक टीराम, संतोष दास (सतुआ बाबा) रहे।
सीएम की सभा में मौजूद लोग
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सीएम योगी आदित्यनाथ के प्रबुद्धजन सम्मेलन में भाजपा कार्यकर्ता विजय सिंह पटेल अपने समर्थकों के साथ बुलडोजर लेकर पहुंच गए। हालांकि बुलडोजर को मैदान में ले जाने की अनुमति नहीं मिली तो उसे सड़क पर ही खड़ा कर दिया गया। बुलडोजर लेकर पहुंचे विजय सभी के लिए आकर्षण का केंद्र बने रहे।
सीएम योगी आदित्यनाथ के जाने के बाद मेयर पद के लिए खुद की दावेदारी पेश करने वाले कुछ कार्यकर्ता आपस में ही भिड़ गए। खुद को बेहतर और दूसरे को कमतर बताकर प्रत्याशी टिकट के लिए खुद को बेहतर दावेदार बताने में लगे थे।