देर रात सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद पूर्वानिर्धारित समय पर निर्भया गैंगरेप के चारों दोषियों अक्षय, मुकेश, विनय और पवन को तिहाड़ जेल में आज 5 बजकर 30 मिनट पर फांसी दे दी गई। फांसी होते ही उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के नरही थाना क्षेत्र में स्थित निर्भया के पैतृक गांव में जश्न का माहौल है। वहीं निर्भया के बाबा ने अमर उजाला से बातचीत में सरकार से मांग की है कि 20 मार्च को निर्भया दिवस के रूप में घोषित किया जाय।
उन्होंने कहा कि देर से ही सही कोर्ट ने अपना काम कर दिया, अब सरकार भी अपना कार्य करे। सरकार की ओर से निर्भया के नाम पर की गई घोषणाओं को पूरा किया जाए। अभी तक हॉस्पिटल का काम अधूरा है और स्थानीय प्राथमिक विद्यालय तक पक्की सड़क का भी निर्माण कार्य अधूरा है। साथ ही परिवार के पांच लोगों को सरकारी नौकरी दिए जाने का कार्य भी अधूरा है।