पुलिस उत्पीड़न से तंग आकर मिर्जापुर निवासी एक व्यापारी ने बुधवार को थाने में दरोगा के सामने जहर खा लिया। हालत बिगड़ने पर उसे सीएचसी मड़िहान ले जाया गया। घर वालों का आरोप है कि दरोगा उसे छोड़ने के एवज में एक लाख रुपये मांग रहा था। नहीं देने पर उत्पीड़न कर रहा था। इससे तंग आकर उसने ऐसा कदम उठाया।
शहर कोतवाली क्षेत्र के पक्की सराय घंटाघर निवासी बर्तन व्यापारी घनश्याम केशरी ने चार वर्ष पूर्व सुल्तानपुर निवासी एक व्यापारी से बर्तन खरीदे थे। उसका कुछ पैसा बकाया है।
उसकी वसूली के लिए वह व्यापारी बार बार मिर्जापुर आ रहा था, लेकिन घनश्याम पैसा दे नहीं पा रहा था। इस पर सुल्तानपुर निवासी व्यापारी ने पुलिस का सहारा लिया। क्राइम ब्रांच टीम के एक दरोगा से संपर्क किया तो उसने पैसा दिलाने का ठेका ले लिया।
पिछले दिनों दरोगा घनश्याम के घर पहुंचे तो पता चला कि उसने मड़िहान में दुकान की है। दरोगा सुल्तानपुर निवासी व्यापारी के साथ मड़िहान पहुंच गया। क्राइम ब्रांच दरोगा के निर्देश पर एक सिपाही घनश्याम को दुकान से बुलाकर थाने में ले गया।