परिजनों ने पुलिस को बताया कि दीपक बीटीसी का छात्र था और उसने हाल ही में बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा दी थी। वह पांच अंक कम आने के कारण परीक्षा पास नहीं कर सका था। परिजनों के अनुसार, वह एक युवती से प्रेम करता था, जिसने उसी परीक्षा में सफलता हासिल की थी। युवती का चयन शिक्षक के पद पर हो गया था। इसके बाद युवती के परिजनों ने दीपक के साथ शादी तय होने के बावजूद उसकी शादी कहीं और तय कर दी। परीक्षा में असफलता और रिश्ता टूटने के दोहरे झटके से दीपक गहरे तनाव में था। परिजनों का कहना है कि इसी तनाव के चलते उसने यह कदम उठाया।
दीपक के पिता अशोक तिवारी रेलवे में टीटीई के पद से एक वर्ष पहले सेवानिवृत्त हुए हैं। वह चार भाई-बहनों में दूसरे नंबर पर था। उसकी दो बहनों की शादी हो चुकी है, जबकि एक छोटा भाई शिवम तिवारी है। घटना के बाद मां मिर्जा तिवारी, पिता अशोक तिवारी और भाई शिवम का रो-रोकर बुरा हाल है। शिवपुर थाना प्रभारी अजीत कुमार वर्मा ने बताया कि पुलिस मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है।