वहीं, अतुल राय के अधिवक्ता अनुज यादव द्वारा दिए गए दूसरे आवेदन में कहा कि उन्हें जेल में जान का खतरा है। अतुल राय को डर है कि उन्हें खाने में जहर मिला कर जान से मारा जा सकता है। ऐसा वाराणसी जेल में पहले भी हो चुका है।
इसलिए अतुल राय को घर का भोजन दिए जाने की अनुमति दी जाए। साथ ही जेल में अतुल राय को उचित सुरक्षा दी जाए। कोर्ट इन दोनों आवेदन पर कल सुनवाई करेगी।
बता दें कि गाजीपुर जिले के भांवरकोल थाना के वीरपुर के मूल निवासी अतुल राय मंडुवाडीह थाने के हिस्ट्रीशीटर हैं और पंजाब की जेल में बंद मऊ सदर विधायक मुख्तार अंसारी के करीबियों में एक हैं। अतुल के खिलाफ वाराणसी और गाजीपुर सहित आसपास के अन्य जिलों में गंभीर आपराधिक आरोपों में 15 से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं।