वाराणसी। शहर के विकास में भविष्य की संभावनाओं को समाहित करने वाले ड्राफ्ट मास्टर प्लान 2031 पर मंगलवार को वाराणसी विकास प्राधिकरण (वीडीए) के बोर्ड ने मुहर लगा दी है। जीआईएस प्लेटफार्म पर तैयार महायोजना 2031 को एक सप्ताह में वीडीए शहरवासियों के बीच लाएगा और इस पर सुझाव व आपत्तियां आमंत्रित की जाएंगी। आम जनता के सुझावों को शामिल करने के बाद फाइनल मास्टर प्लान तैयार किया जाएगा।
मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल की अध्यक्षता में मंगलवार को वीडीए की बोर्ड बैठक में आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय भारत सरकार की अमृत योजना के तहत जीआईएस प्लेटफार्म पर तैयार महायोजना को अनुमोदित किया गया। बैठक में मुहर के बाद अब 30 दिन तक ऑनलाइन और ऑफलाइन माध्यमों से जनता से इस पर आपत्तियां व सुझाव मांगे जाएंगे। वीडीए की ओर से गठित समिति इन आपत्तियों व सुझावों का निपटारा करेगी। रामनगर-मुगलसराय की ड्राफ्ट महायोजना- 2031 को भी अनुमोदित किया गया और मुगलसराय नगर का नाम महायोजना में परिवर्तित कर पं दीनदयाल उपाध्याय नगर किए जाने का निर्णय किया लिया गया। बैठक में वीडीए उपाध्यक्ष ईशा दुहन, सचिव डा. सुनील वर्मा, प्राधिकरण की सदस्य साधना वेदांती, प्रदीप अग्रहरी सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
किराए की संपत्तियों का शुरू होगा विक्रय
बैठक में निर्णय लिया गया कि शहर में किराए पर दी गई सैकड़ों संपत्तियों को सूचीबद्ध कर उसका ई ऑक्शन कराया जाएगा। दरअसल, शासन ने निर्देश दिया है कि सरकारी संपत्तियों को किराए पर नहीं दिया जाएं। ऐसे में ई ऑक्शन में वर्तमान किराएदारों को वर्तमान बाजार मूल्य के मुताबिक इसे खरीद के लिए वरीयता दी जाएगी। उनके इनकार करने के बाद इसे नीलामी प्रक्रिया के तहत बेचा जाएगा।
पीएम आवास के अंतर को वीडीए उठाएगा
वाराणसी के कुरहुआ में प्रस्तावित पीएम आवास में शासन की दर 4.5 लाख के मुकाबले आ रही लागत 5.75 लाख होने के बाद अब इसके अंतर को वीडीए ही उठाएगा। इसमें दो लाख रुपये आवंटी और 2.5 लाख रुपये सरकार की ओर से जारी किया जाता है। बाकी एक लाख 25 हजार रुपये वीडीए सेल्टर फीस के जरिए देगा। इसके साथ ही अफोर्डेबल हाउसिंग नीति को भी वीडीए में अमल करने की सहमति दी गई।
329 नए शमन मानचित्र से करोड़ों की आय
वर्तमान वित्तीय वर्ष में 329 नए शमन मानचित्र स्वीकृत किए गए। इसमें 19.41 करोड़ शमन शुल्क आरोपित किया गया एवं 7.91 करोड़ रुपये जमा कराया गया। ऑनलाइन पोर्टल पर 105 मानचित्र स्वीकृत हुए और 8.69 करोड़ रुपये जमा कराया गया। इन कार्रवाइयों पर बोर्ड बैठक में प्रशंसा प्रस्ताव भी पास किया गया। उधर, नक्शा समाधान दिवस कैंप में मंगलवार को 246 नोटिस प्रकरणों की सुनवाई की गई तथा 16 एनओसी विभिन्न अनुभागों द्वारा जारी की गई। कुल दो नए शमन मानचित्र आवेदन जमा हुए तथा पहले से जमा पांच मानचित्र स्वीकृत कर 39.96 लाख का शमन शुल्क लगाया गया।