घटना की सूचना पर पिपरी थानाध्यक्ष अभय नारायण तिवारी व सीओ भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने भाजपा नेताओं को समझाया कि मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी मगर वे नहीं माने। मामला बिगड़ता देख पुलिस को लाठीचार्ज भी करना पड़ा। इसके बाद भीड़ तितर-बितर हुई। लेकिन थोड़ी ही देर में फिर से भाजपाई चौकी पर इकट्ठा हो गए।
उधर, भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष धर्मवीर तिवारी ने दो टूक शब्दों में चेतावनी दी कि चौकी इंचार्ज के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर निलंबित नहीं किया गया तो आंदोलन का रास्ता अख्तियार करेंगे। उन्होंने एसपी को आगाह किया कि कार्यकर्ताओं के साथ दुर्व्यवहार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। चौकी इंचार्ज को लाइन हाजिर करने से काम नहीं चलेगा। आरोपी चौकी इंचार्ज के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई होनी चाहिए।
उधर चौकी इंचार्ज ने अपने बचाव में पक्ष रखते हुए आरोप लगाया कि नशे में धुत भाजपा नेता चौकी परिसर में खुलेआम अपशब्दों का प्रयोग कर उन पर निजी प्रहार करने लगे। उन्हें समझाया भी लेकिन जब वह नहीं माने तो उन्हें इस तरह का कदम उठाना पड़ा।