लोकसभा चुनाव के मद्देनजर पूर्वांचल में पटेल और राजभरों को साधने में जुटे भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने बिसात बिछानी शुरू कर दी है। सुभासपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और प्रदेश के कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर की हर गतिविधि पर भाजपा की निगरानी बढ़ा दी गई है।
विज्ञापन
साथ ही राजभरों को पार्टी के पक्ष में करने के लिए प्रदेश के राज्यमंत्री और शिवपुर विधायक अनिल राजभर को लगाया गया है। इसमें सफल रहने पर राजभर को इस बिरादरी का नेता विधिवत घोषित किया जा सकता है।
पूर्वांचल की कई सीटों राजभरों की अहम भूमिका है। इन्हें हर हाल पार्टी के साथ रखने के लिए शाह ने वाराणसी-मिर्जापुर दौरे के दौरान अमेठी कोठी में अनिल से गुफ्तगू की।
अनिल से शाह की बातचीत और मुलाकात के एक दिन पहले लखनऊ में सुभासपा संगठन की बैठक हुई थी। इसी दौरान ओमप्रकाश राजभर ने चेतावनी देते हुए कहा था कि भाजपा में अगर हिम्मत है उनको मंत्रिमंडल से निकाल कर दिखाए।
इस पहलू को ध्यान में रखते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष ने पहले चरण में कुछ दायित्व अनिल को दिए हैं। भाजपा ऐसा इसलिए कर रही है ताकि चुनाव के पहले यदि सुभासपा कोई दांव चले तो उससे होने वाले नुकसान को बचाया जा सके।