बीएचयू प्राचीन इतिहास और पुरातत्व विभाग की टीम की ओर से एक बार फिर बभनियांव में पुरातात्विक स्थल की खोदाई कराई जाएगी। इसमें कोरोना की तीसरी लहर से पहले उत्खनन में मिले प्राचीन एकमुखी शिवलिंग वाली खत्ती के क्रमिक विकास को जानने का प्रयास किया जाएगा। शनिवार को प्रोफेसरों की टीम ने बभनियांव पहुंचकर उत्खनन से जुड़े बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की।
बीएचयू के प्राचीन इतिहास, पुरातत्व एवं संस्कृति विभाग के अध्यक्ष प्रो. ओएन सिंह के निर्देशन में प्रो. अशोक कुमार सिंह सहित अन्य पुरातत्वविदों की मौजूदगी में 2020 और 2021 में बभनियांव में खोदाई कराई गई। इसमें कई प्राचीन बर्तन, सिक्के, मूर्तियां मिलीं थीं। कोरोना का संक्रमण बढ़ने की वजह से ही यहां खोदाई का काम बंद करा दिया गया है। बभनियांव पुरास्थल के निदेशक प्रो. अशोक कुमार सिंह ने बताया कि प्राचीन पुरास्थल के उत्खनन का लाइसेंस भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग द्वारा मिलने के बाद रविवार से यहां खोदाई फिर से शुरू कराई जाएगी।