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भदैनी हत्याकांड: मुख्य आरोपी की दूसरी कस्टडी रिमांड की अर्जी खारिज, आपत्ति; पिता-पुत्र को अग्रिम जमानत

Sat, 05 Apr 2025 05:46 AM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

वाराणसी के भदैनी क्षेत्र में हुए एक ही परिवार के सामूहिक हत्याकांड मामले में दूसरी पुलिस कस्टडी रिमांड की अर्जी खारिज कर दी गई। वहीं, पूर्व सभासद पर प्राणघातक हमला करने के मामले में पिता-पुत्र को कोर्ट से राहत मिल गई। 
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Varanasi court - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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भदैनी क्षेत्र में एक परिवार के पांच लोगों की हत्या के मुख्य आरोपी विशाल गुप्ता उर्फ विक्की को दूसरी पुलिस कस्टडी रिमांड की अर्जी सीजेएम मनीष कुमार की कोर्ट ने खारिज कर दी। अदालत में आरोपी की ओर से पुलिस कस्टडी रिमांड पर दोबारा दिए जाने का विरोध किया गया था।

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पुलिस कस्टडी रिमांड के विरोध में अभियुक्त के अधिवक्ता द्वारा आपत्ति प्रस्तुत की गई। कहा गया कि अभियुक्त को गिरफ्तार करके पूछताछ के बाद न्यायालय के समक्ष विलंब से प्रस्तुत किया गया था। यह मामला गिरफ्तारी का था, आत्मसमर्पण का नहीं था। पहला बयान फर्जी ढंग से 6 फरवरी 2025 को पुलिस ने दर्ज किया। 

उसमें अन्यथा तथ्य फर्जी ढंग से लिखे गए हैं। फिर मजीद बयान के रूप में प्रार्थी का फर्जी बयान लिखा गया है। उसमें अन्यथा तथ्य अंकित किए गए हैं। न्यायालय के सख्त आदेश के कारण पुलिस अभियुक्त की हत्या नहीं कर पाई। पुलिस अभियुक्त की हत्या करने के उद्देश्य से दूसरी बार पुलिस कस्टडी रिमांड का ड्रामा कर रही है। 

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अभियुक्त ने किसी भी प्रकार का असलहा बरामद कराने का बयान पुलिस को नहीं दिया है। अभियोजन पक्ष के कथानक, पुलिस की केस डायरी और पुलिस का पिछला कस्टडी रिमांड का आवेदन भिन्न-भिन्न प्रकार के हैं। घटना के 5-6 महीने बाद इस प्रकार की बरामदगी की बात करना सिर्फ पुलिस की साजिश है। 

प्रकरण के अनुसार 5 नवंबर 2024 को भदैनी के राजेंद्र गुप्ता, उनकी पत्नी नीतू, बेटे नमनेंद्र व सुवेंद्र और बेटी गौरांगी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने विवेचना के दौरान राजेंद्र के भतीजे विशाल गुप्ता उर्फ विक्की को मुख्य आरोपी बनाया।
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पूर्व सभासद पर प्राणघातक हमले में पिता-पुत्र को मिली अग्रिम जमानत
पुरानी रंजिश को लेकर पूर्व सभासद पर प्राणघातक हमला करने के मामले में पिता-पुत्र को कोर्ट से राहत मिल गई। जिला जज संजीव पांडेय की अदालत ने काशीपुरा, चौक निवासी अरुण केशरी व उसके पुत्र शिव केशरी को पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए जाने की दशा में 50-50 हजार रुपये की दो जमानतें और बंधपत्र देने पर रिहा करने का आदेश दिया।

अभियोजन पक्ष के अनुसार काशीपुरा की ममता केशरी ने चौक थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आरोप था कि 21 मार्च 2025 की शाम उनके पति अंबरीष केशरी मंदिर में दर्शन के लिए जा रहे थे। 

उसी दौरान पुरानी रंजिश के चलते पहले से घात लगाए अरुण केशरी, उसके पुत्र शिव केशरी और दो-तीन अन्य लोग राॅड और डंडे से उसके पति पर प्राणघातक हमला कर दिए। पति के चिल्लाने की आवाज सुनकर वादिनी और उसकी बेटी दौड़कर नीचे आई। बीचबचाव का प्रयास करने पर हमलावर उन लोगों के साथ भी बदतमीजी करते हुए गालीगलौज करने लगे।
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