उच्च शिक्षा एवं अनुसंधान की संभावनाओं को समझने में मिलेगी सहायता
प्रो. आनंद चौधरी ने आईआईटी मद्रास के रजिस्ट्रार को संबोधित पत्र में कहा है कि कई उम्मीदवार केवल इस कारण आवेदन करने से वंचित रह सकते हैं क्योंकि उन्हें यह स्पष्ट नहीं होता कि उनकी स्नातक डिग्री संबंधित पेपर के लिए स्वीकार्य है या नहीं। दूसरी ओर, आवेदन की जांच और प्रवेश के चरण में पात्रता को लेकर उत्पन्न अस्पष्टता से अभ्यर्थियों और संस्थानों दोनों को कठिनाई हो सकती है। यह भी कहा है कि बीएएमएस की पात्रता के संबंध में स्पष्टता प्रदान करने से योग्य आयुर्वेद स्नातकों को राष्ट्रीय स्तर की उच्च शिक्षा एवं अनुसंधान की संभावनाओं को समझने में सहायता मिलेगी।