रवायत, पहनावा और जीवनशैली भले ही अलग हो, हमारी संस्कृति हमेशा से ही वसुधैव कुटुंबकम पर विश्वास करती रही है। बनारस में बुधवार को अमर उजाला अपराजिता की अतिथि देवो भव: रैली में शामिल हुए बच्चों ने इस भरोसे को और दृढ़ता दी।
अलग अलग देशों के पहनावे के साथ वहां का ध्वज लिए बच्चों का कारवां क्वींस इंटर कालेज से सिगरा स्टेडियम की ओर बढ़ा तो यूं लगा पूरी दुनिया ही काशी की सड़क पर समाहित हो गई। कोई संयुक्त अरब अमीरात का शेख बना तो कोई अमेरिका का स्टाइलिश जेंटलमैन।
इन बच्चों ने जर्मनी से लेकर इंग्लैंड, थाईलैंड, रोमानिया, मिस्र, केन्या तक की संस्कृति को अपने पहनावे और वेशभूषा में प्रदर्शित किया। प्रवासी भारतीय सम्मेलन में भी देश दुनिया के अलग अलग हिस्से से मेहमान आ रहे हैं और अमर उजाला की ओर से निकली अतिथि भवो भव: रैली इस आयोजन की एक सुनहरी तस्वीर जैसी बन गई।
रैली में विश्व की सांस्कृतिक विविधता में एकता का अनूठा रूप देखने को मिला। स्कूलों के बच्चों ने अलग अलग देशों का प्रतिनिधित्व किया और वहां के रहन सहन को दर्शाने वाले परिधान पहनकर रैली का हिस्सा बने।