सहायक अध्यापक पद पर नियुक्ति रद्द होने से नाराज शिक्षामित्रों ने मंगलवार को दूसरे दिन भी कार्य बहिष्कार कर प्रधानमंत्री के संसदीय कार्यालय पर जमकर प्रदर्शन किया। शिक्षामित्रों का कहना था कि जब तक हमारे साथ न्याय नहीं होता तब तक आंदोलन जारी रहेगा। इस दौरान धूप और उमस के चलते चार महिलाएं बेहोश होकर गिर गईं। इससे अफरातफरी का माहौल हो गया। बाद में आंदोलनकारियों ने कार्यालय अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर 18 सितंबर को डीरेका में प्रधानमंत्री से मिलने का समय मांगा।
हाईकोर्ट का फैसला आने के बाद से ही प्रदेश भर के शिक्षामित्र आंदोलनरत है। अलग-अलग संगठनों की ओर से कोर्ट के फैसले का विरोध किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ के मंडल अध्यक्ष भूपेंद्र कुमार और उत्तर प्रदेश शिक्षा मित्र-शिक्षक कल्याण समिति के प्रांतीय अध्यक्ष अनिल वर्मा के नेतृत्व में शिक्षामित्रों ने दूसरे दिन भी पीएम के संसदीय कार्यालय पहुंचकर विरोध जताया। भूपेंद्र ने कहा कि कोर्ट के फैसले के बाद से पूरा परिवार सदमे में हैं। पीएम को ज्ञापन भेजकर 18 सितंबर को डीरेका में पांच मिनट के
लिए मिलने का समय मांगा। इस दौरान बनारस, चंदौली, गाजीपुर, जौनपुर, भदोही, मिर्जापुर से करीब छह हजार शिक्षामित्र मौजूद रहेंगे। वहीं अनिल वर्मा ने बताया कि प्रदेश भर के शिक्षामित्र परिवार संग 18 सितंबर को डीरेका मैदान पहुंचेंगे और प्रधानमंत्री से गुहार लगाएंगे। इसके पूर्व भारत माता मंदिर परिसर में हुई बैठक में आगे के आंदोलन की रणनीति बनाई गई। बीआरसी राजातालाब पर भी शिक्षामित्रों ने तालाबंदी कर प्रदर्शन किया।