फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मऊ में भी मिली 'अनामिका', ममता राय के नाम पर कर रही थी नौकरी

Fri, 19 Jun 2020 09:55 PM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मऊ

सार

  • जांच में पता चला कि शिक्षिका का असली नाम है रंभा पांडेय
  • जांच के दौरान बीएसए ने जारी की नोटिस तो हो गई फरार
  • वर्ष 2000 में महराजगंज से स्थानांतरित होकर आई थी मऊ
विज्ञापन
अनामिका शुक्ला प्रकरण - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कासगंज और गोंडा की तर्ज मऊ जिले में भी 'अनामिका' मिली गई। ममता राय के नाम से जिले के रतनपुरा ब्लाक के मुबारकपुर गांव स्थित उच्च प्राथमिक विद्यालय में नौकरी कर रही इस शिक्षिका का खुलासा, एक सप्ताह पूर्व तब हुआ जब किसी ने गुप्त तरीके से इसकी शिकायत बीएसए से किया। 

विज्ञापन


जांच के दौरान पता चला कि शिक्षिका का असली नाम रंभा पांडेय है। जैसे ही बीएसए ने उसको नोटिस जारी किया, आरोपी शिक्षिका फरार हो गई। इस दौरान उसकी सेवा समाप्त कर बीएसए ओपी त्रिपाठी ने रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए प्रार्थना पत्र रतनपुरा ब्लाक भेजा।

Trending Videos

रतनपुरा ब्लाक के उच्च प्राथमिक विद्यालय में ममता राय के नाम से नौकरी करने वाली रंभा पांडेय मूलरुप से बलिया जिले के पांडेयपुर, बांदा गांव की रहने वाली है। बीएसए ओपी पांडेय की मानें तो सात जून 2020 को किसी ने जिलाधिकारी ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी को शिकायत किया कि मुबारकपुर गांव स्थित उच्च प्राथमिक विद्यालय में तैनात शिक्षिका ममता राय असल में दूसरे के नाम पर नौकरी कर रही है।

शिक्षिका का असली नाम रंभा पांडेय है। वह मूलरुप से बलिया जिले के पांडेयपुरा बाछापुर गांव की रहने वाली है। डीएम के आदेश पर बीएसए ने जांच शुरु की। इस दौरान बीएसए ने टीम पांडेयपुरा गांव भेजा। वहां के प्रधान ने फोटो देखकर तस्दीक किया कि यह ममता राय ने बल्कि रंभा पांडेय है।
विज्ञापन

प्रधान के अनुसार उनके गांव में कोई राय परिवार रहता ही नहीं। इस पर बीएसए ने रंभा उर्फ ममता को नोटिस जारी कर उन्हे अपना पक्ष रखने को कहा। इस दौरान रंभा उर्फ ममता राय फरार हो गई। इंतेजार करने के बाद जब ममता राय नहीं आई तो बेसिक शिक्षा अधिकारी ने डीएम को सूचना दिया, साथ ही बर्खास्त कर रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर हलधरपुर थाने पर भेजा। 

बेसिक शिक्षा अधिकारी ओपी त्रिपाठी ने बताया कि रंभा पांडेय पुत्री विश्वनाथ पांडेय वर्ष 2000 में फर्जीवाड़ा कर ममता राय पुत्री भगवान राय के नाम पर वर्ष 2000 में महराजगंज जिले से शिक्षिका के पद पर भर्ती हुई। इसके बाद वर्ष 2011 में वह स्थानांतरित होकर मऊ आई। 


2011 से पूर्व उसकी सर्विस बुक में कोई इंट्री नहीं मिली। वर्तमान में रंभा तथाकथित ममता राय की तैनाती रतनपुरा ब्लाक के उच्च प्राथमिक विद्यालय मुबारकपुर में है। ओपी त्रिपाठी ने बताया कि मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाएगी। इसके लिए उन्होंने जिलाधिकारी को पत्र भी लिखा है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें