सड़क, बिजली, पानी, चिकित्सा जैसी बुनियादी सुविधाओं का अभाव
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वाराणसी जोन के अपर पुलिस महानिदेशक विश्वजीत महापात्रा ने बुधवार को यूपी और एमपी के बार्डर पर पिछड़ापन देखा। आम लोगों को इन इलाकों में सड़क, बिजली, पानी, चिकित्सा जैसी बुनियादी सुविधाएं भी न मिलने पर वे हतप्रभ रहे। यूपी के जुगैल से होकर एमपी के लमसरई तक उन्होंने विकास की स्थिति का जायजा लिया।
उन्होंने कहा, स्थानीय समस्याओं के निस्तारण के लिए संबंधित विभाग के अफसरों को पत्र लिखा जाएगा। बुधवार को दोपहर करीब साढ़े 12 बजे एडीजी महापात्रा जुगैल थाने पहुंचे। यहां एडीजी को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। उन्होंने कार्यालय, मालखाना, बंदीगृह, बैरक, मेस का निरीक्षण किया। मौजूद एएसपी अरूण कुमार दीक्षित से अपराध और नक्सल पर रोक लगाने के लिए की जा रही कार्रवाई के बारे में जानकारी ली।
साथ ही क्षेत्रवासियों की समस्याओं के बारे में पूछा। एएसपी दीक्षित और थाना प्रभारी अभय सिंह ने उन्हें समस्याएं बताया। जानकारी दिया कि मनरेगा के तहत रोजगार न मिलने से लोग बेरोजगार हैं। क्षेत्र में स्थित न्यू पीएचसी पर डॉक्टर की तैनाती न होने से मरीजों को उपचार कराने के लिए सीएचसी चोपन जाना पड़ता है। या फिर छोलाछाप डॉक्टर के यहां इलाज कराना पड़ता है।
क्षेत्र के नौजवानों को रोजगार मुहैया कराने के लिए प्रशिक्षण देने की जरूरत है। क्षेत्र के अधिकांश इलाके में आने-जाने के लिए रास्ते नहीं हैं। ग्रामीणों को शुद्ध पेयजल मुहैया नहीं हो रहा है। क्षेत्र में मोबाइल नेटवर्क की समस्या होने से सूचनाओं का आदान-प्रदान करने में दिक्कतें होती हैं।
एडीजी ने मातहतों को नक्सल इलाकों में सघन कांबिंग करने के साथ ही पीड़ितों की समस्याओं को खुद का समझ कर दूर करने का निर्देश दिया। एडीजी विश्वजीत महापात्रा ने कहा कि पेयजल, सड़क, स्वास्थ्य आदि की समस्याओं को दूर कराने के लिए संबंधित विभाग के अधिकारियों को पत्राचार किया जाएगा। कहा कि नौजवानों को प्रशिक्षण दिलाने की व्यवस्था कराई जाएगी।