वाराणसी-प्रयागराज हाईवे पर अनावश्यक खड़े रहने वाले मालवाहक अकसर हादसों की वजह बनते हैं। लोगों की मौत भी होती है। बावजूद वाहन चालकों के खिलाफ मिर्जामुराद, राजातालाब और रोहनिया थाने की पुलिस कार्रवाई नहीं करती।
7 फरवरी को लालपुर चट्टी (मिर्जामुराद) के पास महाकुंभ से लौट रहे दर्शनार्थियों भरी मालवाहक मैजिक में एक कार पीछे से टक्कर मार दी, जिससे मैजिक पलट गई और वृद्ध की मौत हो गई। वहीं, आधा दर्जन लोग घायल हो गए।
बीते 10 अक्तूबर 2024 की सुबह गुड़िया बॉर्डर के पास हाईवे पर खड़े डंपर के पीछे तेज रफ्तार घुस गई थी। हादसे में दंपती समेत चार लोगों की मौत हो गई थी। वाराणसी-प्रयागराज हाईवे पर खड़े होने वाले मालवाहक आए दिन हादसे की वजह बनते हैं, लेकिन कार्रवाई नहीं की जाती है।
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रूपापुर (भेड़हरा) गांव में हाईवे पर सड़क हादसे में पांच श्रद्धालुओं की मौत और नौ के घायल होने से इलाके के ग्रामीण भी खासे दुखी दिखे। ग्रामीणों का कहना था कि हाईवे पर मालवाहक खड़े होने ही क्यों दिए जाते हैं? ढाबे वाले मालवाहकों को रुकवाते हैं तो हाईवे से हट कर उनके खड़े होने की व्यवस्था भी कराएं। ग्रामीणों ने पुलिस से मांग की है कि अभियान चलाकर कार्रवाई की जाए।
बोले अधिकारी
घायलों को बीएचयू के ट्रॉमा सेंटर भिजवाया गया है। परिजनों को सूचना दे दी गई है और वह कर्नाटक से रवाना हो चुके हैं।
- प्रमोद कुमार, डीसीपी गोमती जोन