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Abbas Ansari: क्या है हेट स्पीच केस, अब्बास अंसारी को कब हुई सजा और क्यों गई थी विधायकी?; पढ़ें सबकुछ

Wed, 20 Aug 2025 04:15 PM IST
प्रगति चंद डिजिटल डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी।

सार

Hate Speech Case: मुख्तार अंसारी के बेटे व मऊ से विधायक रहे अब्बास अंसारी को इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। अब्बास अंसारी को मऊ कोर्ट से सुनाई गई दो साल की सजा पर हाईकोर्ट ने रोक लगा दी है। 
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अब्बास अंसारी। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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हेट स्पीच केस में मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी को बड़ी राहत मिली है। एमपी-एमएलए कोर्ट मऊ की ओर से सुनाई गई दो साल की सजा पर हाईकोर्ट ने बुधवार को रोक लगा दी है। इसके साथ ही अब अब्बास अंसारी की विधायकी के बहाल होने की चर्चा भी होने लगी है। ऐसे में आइए हम आपको बताते हैं कि आखिर हेट स्पीच का मामला क्या है और मामले में कब कोर्ट ने सजा सुनाई थी...

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तीन मार्च 2022 को दर्ज हुआ मुकदमा

नफरती भाषण और चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन करने के मामले में अभियोजन के अनुसार एसआई गंगाराम बिंद की तहरीर पर शहर कोतवाली में एफआईआर दर्ज हुई। इसमें सदर विधायक अब्बास अंसारी और अन्य को आरोपी बनाया गया। आरोप था कि तीन मार्च 22 को विधानसभा चुनाव के दौरान सदर विधानसभा सीट से सुभासपा के प्रत्याशी के तौर पर चुनाव लड़ रहे अब्बास अंसारी ने नगर क्षेत्र के पहाड़पुर मैदान में जनसभा के दौरान कहा कि जनपद मऊ के प्रशासन को चुनाव के बाद रोक कर हिसाब किताब करने व इसके बाद सबक सिखाने की धमकी मंच से दी गई थी। 

ये लगीं धारा
  • धारा - 120 बी, भादवि, आपराधिक षड्यंत्र
  • धारा- 153 ए, भादवि, धर्म, मूलवंश, जन्म स्थान, निवास स्थान, भाषा आदि के आधार पर विभिन्न समूहों के बीच शत्रुता का संप्रवर्तन और सौहार्द्र बने रहने पर प्रतिकूल प्रभाव डालने वाला कार्य करना
  • धारा - 189 भादवि, लोक सेवक को क्षति कारित करने की धमकी
  • धारा- 171 एफ भादवि,निर्वाचनों में असम्यक असर डालने या प्रतिपरूपण के लिए दंड
  • धारा - 506 भादवि, आपराधिक अभित्रास के लिए दंड

31 मई 2025 को कोर्ट ने सुनाई सजा

विधानसभा चुनाव के दौरान नफरती भाषण और चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन के मामले में 31 मई 2025 को एमपी एमएलए कोर्ट मऊ ने मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी को सजा सुनाई। इसके साथ ही अलग- अलग धाराओं के तहत कुल 11 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया। इस मामले में अब्बास के साथी मंसूर अंसारी को भी सजा सुनाई गई। धारा 120बी भादवि के तहत उसे छह माह की सजा और एक हजार रुपये अर्थदंड लगाया गया।

एक जून 2025 को खत्म हुई विधायकी

हेट स्पीच केस में सजा के एलान के बाद यूपी के मऊ से सुभासपा विधायक अब्बास अंसारी की विधायकी खत्म की गई। एक जून को विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने उनकी सीट को रिक्त घोषित कर दिया। इसके लिए रविवार को छुट्टी के दिन सचिवालय खोला गया था। इसके बाद से ही विधानसभा सीट के उपचुनाव पर सबकी नजरें टिकी थीं। 

पांच जुलाई को सजा पर रोक से इनकार

हेट स्पीच केस में दो साल की सजा पर रोक लगाने के साथ जमानत के लिए अब्बास अंसारी ने मऊ के विशेष न्यायाधीश एमपी/एमएलए राजीव कुमार वत्स की अदालत में अर्जी लगाई। सजा के खिलाफ उनकी अपील को मऊ के जिला जज की अदालत ने पांच जुलाई को खारिज कर दिया था। 

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17 जुलाई को हाईकोर्ट में दाखिल की याचिका

अब्बास अंसारी ने हेट स्पीच मामले में मऊ के एमपी/एमएलए विशेष कोर्ट से मिली दो साल की मिली सजा पर रोक लगाने की मांग को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की। अब्बास अंसारी ने अपने अधिवक्ता उपेंद्र उपाध्याय के माध्यम से यह याचिका दाखिल की। 

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