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विश्वनाथ दरबार में मोदी ने लिया समग्र भारत के अभ्युदय का संकल्प

Sun, 18 May 2014 05:30 AM IST
Varanasi
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वाराणसी। भावी प्रधानमंत्री के रूप में काशी पहुंचे नरेंद्र मोदी ने शनिवार की शाम बाबा विश्वनाथ के दरबार से राष्ट्र के समग्र अभ्युदय का संकल्प लिया। सस्वर वैदिक मंत्रोच्चार के बीच उन्होंने बाबा के मस्तक पर 11 हजार वेलपत्र चढ़ाए। सविधि पूजन के साथ उन्होंने देश की खुशहाली और जन-जन के मंगल की कामना की।
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कड़े सुरक्षा प्रबंधों के बीच शाम 5.30 पर छत्ताद्वार पहुंचे मोदी ने चिरपरिचित अंदाज में अभिवादन किया। भीड़ को देख वे गेंदा, गुलाब की पंखुडि़यों से लदी टाटा सफारी के फुट स्टेप पर खड़े हो गए। फिर छतों-बारजों से मोदी-मोदी का शोर मचा रहे लोगों का हाथ हिलाकर आभार जताने लगे। इसके बाद उन्होंने मंदिर की ओर रुख किया। रानी भवानी के नाम से प्रसिद्ध भुवनेश्वर महादेव मंदिर के पास से होते हुए मोदी पूर्वी द्वार से गर्भगृह में पहुंचे। वहां न्यास परिषद के अध्यक्ष आचार्य अशोक द्विवेदी के आचार्यत्व में अर्चकों ने जब पूजा की शुरुआत के लिए मंत्रोच्चार शुरू किया, तभी मोदी ने आग्रह किया कि वे इस दरबार से भारत से समग्र अभ्युदय का संकल्प लेना है। इसके बाद कुटुंब-सपरिवार की शांति और राष्ट्र की मंगल कामना के लिए मोदी ने संकल्प लिया। इस दौरान 11 हजार बेलपत्र उन्होंने चढ़ाए। 501 कमल पुष्पों से उन्होंने बाबा का षोडशोपचार पूजन किया। 108 कमल के फूलों की माला भी बाबा को अर्पित की। मोदी करीब 43 मिनट तक गर्भगृह में रहे और इस दौरान उन्होंने षोडशोपचार पूजन के साथ ही रुद्राभिषेक भी किया। मंत्रोच्चार करने वालों में प्रधान अर्चक वंशनारायण चौबे, पं.श्रीकांत मिश्र, नीरज पांडेय, टेकनारायण शामिल थे। मोदी के साथ पूजा में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह और यूपी प्रभारी अमित शाह भी शामिल हुए। गर्भगृह में ही न्यास की ओर से उन्हें अंगवस्त्रम, रुद्राक्ष की माला और बाबा विश्वनाथ की तसवीर स्मृति के रूप में भेंट की गई।
कोट
नरेंद्र मोदी ने बाबा के दरबार में राष्ट्र के समग्र अभ्युदय का संकल्प लिया। उनके कुटुंब और परिवारीजनों की शांति के लिए भी बाबा से प्रार्थना की गई। इस दौरान बाबा के दरबार में हाजिरी लगाकर वे बेहद प्रसन्न थे।- आचार्य अशोक द्विवेदी-अध्यक्ष-काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास
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