वाराणसी। श्री काशी विश्वनाथ कॉरिडोर के लिए क्रय किए गए भवन को तोड़ने पहुंचे ठेकेदार का क्षेत्रीय लोगों ने जमकर विरोध किया। जिस भवन को ठेकेदार तोड़ने की तैयारी में था, उसका कुछ ही हिस्सा बिक्री हुआ है। इसके अलावा मामला न्यायालय में विचाराधीन भी है। ऐसे में लोगों का विरोध देखकर ठेकेदार वहां से चुपचाप निकल गया।
चौक के नन्दूफारिया गली में एक मकान ह,ै जिसका कुछ हिस्सा मंदिर प्रशासन ने क्रय किया है। इस भवन का बाकी हिस्सा का मालिक मदन मोहन गिरी है। भवन संख्या सीके 36/16 को तोड़ने के बाबत दिलीप यादव ठेकेदार कटर लेकर अपने मजदूरों के साथ पहुँचा और टाला काट कर भवन तोड़ने के लिए अंदर प्रवेश किया। इसकी सूचना क्षेत्रीय लोगों ने भवन स्वामी को दे दी। मौके पर मुहल्ले के लोग इकट्ठा होकर विरोध करने लगे। प्रशासन के खिलाफ हल्ला मचाते देख ठेकेदार अपने मजदूरों के साथ भाग खड़ा हुआ। भवन स्वामी मदन मोहन गिरी ने बताया कि भवन का विवाद न्यायालय में विचाराधीन है। भवन का कुछ हिस्सा मंदिर को बेचा गया है और आधे से अधिक हिस्से का मालिकाना हक मेरे पास है। घटना की जानकारी चौक थाने को भी दी गई। ठेकेदार समेत अज्ञात लोगो पर ताला तोड़कर कब्जा, लूटपाट, डकैती का आरोप लगाते हुए तहरीर दी गई है ।