प्रदेश के प्राथमिक शिक्षकों का समूह टीचर सेल्फ केयर टीम (टीएससीटी) अपने दिवंगत शिक्षक साथियों के आश्रितों को 20-20 लाख रुपये तक की आर्थिक मदद कर रहा है। वह भी मात्र 100-100 रुपये के सहयोग राशि के बूते। टीम ने वाराणसी के शिक्षक सुनील चक्रवाल व संतोष सिंह को 38 लाख रुपये की मदद की है।
अब तक टीएससीटी की ओर से एक साल में पूर्वांचल के सात शिक्षकों के परिजनों को 1.27 करोड़ की मदद मिल चुकी है। टीम में प्रदेश के करीब 50 हजार शिक्षक शामिल हैं। कोरोना काल में वाराणसी में कई शिक्षकों की मौत हो गई। जिसमें सुनील चक्रवाल व संतोष सिंह भी शामिल थे। दोनों टीएससीटी के सदस्य भी थे। उनकी मृत्यु की सूचना मिलने पर टीम के सदस्यों ने 100-100 रुपये की मदद कर सुनील चक्रवाल की पत्नी रंजना चक्रवाल के खाते में 19 लाख व संतोष कुमार के परिजन के खाते में 19 लाख रुपये भेजे। इसके अलावा पूर्वांचल के पांच अन्य शिक्षकों की मौत होने के बाद उनके परिजनों की टीएससीटी ने ऐसे ही मदद की है।
सुनील चक्रवाल की पत्नी रंजना ने बताया कि टीएससीटी से जो मदद मिली है, उससे काफी बल मिला है। मेरे दोनों बच्चे अभी छोटे हैं, इस आर्थिक मदद से दोनों बेटों की पढ़ाई में बाधा नहीं आएगी। टीचर सेल्फ केयर टीम से जुड़े मॉडल इंग्लिश प्राइमरी स्कूल बच्छांव के सहायक अध्यापक रूपेश राय ने बताया कि जब भी किसी शिक्षक के परिवार में संकट की घड़ी आती है टीचर सेल्फ केयर टीम के सदस्य अपने सहयोगियों की मदद में जुट जाते हैं। कोरोना महामारी ने कई शिक्षकों को हमसे छीन लिया। हमारा यही उद्देश्य है कि इस बुरे वक्त में जरूरतमंद परिवारों तक मदद पहुंच सके।