वाराणसी। बीएचयू की कार्यकारिणी परिषद ने विज्ञान संस्थान, कृषि विज्ञान संस्थान, पर्यावरण एवं धारणीय विकास संस्थान और प्रबंध अध्ययन संस्थान के नए निदेशक के नामों पर मुहर लगा दी है। कार्यकारिणी परिषद की सोमवार को हुई बैठक में नए निदेशकों के नाम का लिफाफा खोला गया। सूत्रों के मुताबिक चिकित्सा विज्ञान संस्थान के निदेशक प्रो. वीके शुक्ला को रेक्टर बनाए जाने पर सहमति बन गई है लेकिन आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। बीएचयू में अरसे बाद रेक्टर पद पर नियुक्ति की गई है। पूर्व कुलपति प्रो. जीसी त्रिपाठी ने अपने कार्यकाल में रेक्टर पद पर नियुक्ति नहीं की थी।
कुलपति प्रो. राकेश भटनागर की अध्यक्षता में शाम करीब चार बजे से शुरू होकर रात आठ बजे तक चली बैठक में पर्यावरण एवं धारणीय विकास संस्थान में प्रो. एएस रघुवंशी को निदेशक बनाया गया है। प्रबंध अध्ययन संस्थान में प्रो. एसके दूबे, कृषि विज्ञान संस्थान में प्रो. रमेश चंद्र, विज्ञान संस्थान में लखनऊ में कार्यरत प्रो. एके त्रिपाठी को नया निदेशक बनाया गया है। बैठक में आयुर्वेद संकाय में संकाय प्रमुख पद की योग्यता पर हाल ही में आए आयुष मंत्रालय के उस पत्र पर भी चर्चा हुई, जिसमें मंत्रालय ने एक्ट में संशोधन कर संकाय प्रमुख पद पर आयुर्वेदिक उपाधि धारक शिक्षक की नियुक्ति की बात कही थी। सूत्रों की माने तो बैठक में इस बाबत फैसला सुरक्षित रखते हुए निर्णय लिया गया कि इतनी जल्दी विश्वविद्यालय का एक्ट नहीं बदला जा सकता।
बैठक के दौरान जंतु विज्ञान विभाग के छात्राओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने के आरोपी प्रो. एसके चौबे के निलंबन की कार्रवाई की जानकारी कार्यपरिषद सदस्यों को दी गई। बैठक में पूर्व में विश्वविद्यालय के शिक्षण एवं शोध के साथ ही वित्तीय मामलों, विकास से संबंधित मामलों पर लिए गए निर्णयों को परिषद ने अनुमोदित किया।
बैठक में आईसीएआर रिसर्च सेंटर रांची से डॉ. एके सिंह, एफआरआई देहरादून से डॉ. एके त्रिपाठी, मणिपुर केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. आद्या प्रसाद पांडेय, इलाहाबाद विश्वविद्यालय से प्रो. असीम मुखर्जी, गढ़वाल यूनिवर्सिटी से प्रो. एचसी नैनवाल, हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय से प्रो. रामनरेश मिश्रा आदि मौजूद रहे।