वाराणसी। कोतवाली थाने से चंद कदम की दूरी पर सोमवार की रात स्कार्पियो में रखा नगदी और जेवरात से भरा पर्स लेकर दो उचक्के भाग निकले। शोरशराबा सुनकर मौके पर पुलिस पहुंची। वहीं, इंस्पेक्टर कोतवाली घटना पर पर्दा डालते रहे और पूरी तरह से अनजान बन कर उच्चाधिकारियों को भी सूचना नहीं दिए। भीड़भाड़ वाले स्थान में सरेराह हुई वारदात से इंस्पेक्टर कोतवाली का अनभिज्ञता जताना थाने पर तैनात पुलिसकर्मियों के बीच चर्चा का विषय बना रहा।
गाजीपुर निवासी रामभवन यादव स्कार्पियो से परिवार के साथ मैदागिन क्षेत्र में आए थे।। गोलघर के पास स्कार्पियो खड़ी कर परिवार के पुरुष सदस्य नीचे उतरे और उसमें सिर्फ महिला व बच्चे बैठे हुए थे। इसी बीच दो युवक आए और महिलाओं से बोले कि उनका पैसा सड़क पर गिरा है। महिला जैसे ही स्कार्पियो का दरवाजा खोली समीप खड़े दोनों युवक पर्स लेकर भाग निकले। महिला ने शोर मचाया तो आसपास के लोग भाग कर आए लेकिन तब तक दोनों युवक आंखों के सामने से ओझल हो चुके थे। महिला के अनुसार पर्स में 25 हजार रुपया और लाखों रुपये मूल्य के जेवरात थे। सूचना पाकर पुलिस पहुंची लेकिन ढुलमुल रवैया देख पीड़ित परिवार कोसता हुआ चला गया। इस संबंध में इंस्पेक्टर कोतवाली ने बताया कि ऐसी किसी वारदात की जानकारी उन्हें नहीं है।