वाराणसी। कैंट रेलवे स्टेशन के समीप एईएन कॉलोनी के सामने निर्माणाधीन लहरतारा-चौकाघाट फ्लाईओवर के दो बीम गिरने से हुई 15 मौतों की तफ्तीश के सिलसिले में शनिवार को क्राइम ब्रांच की टीम फिर सेतु निगम के मुख्य परियोजना प्रबंधक के कार्यालय पहुंची। क्राइम ब्रांच ने पूछताछ के साथ ही फ्लाईओवर के निर्माण से जुड़ी दो सौ पेज की फाइल अपने कब्जे में ले ली है। इसके अलावा, घटना स्थल के आसपास की रेलवे कॉलोनियों के छह लोगों और बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में भर्ती तीन घायलों के बयान दर्ज किए।
हालांकि हादसे के चार दिन बाद भी इस मामले में किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं की जा सकी है। बीते 15 मई की शाम निर्माणाधीन चौकाघाट-लहरतारा फ्लाईओवर के दो बीम रेलवे की एईएन कॉलोनी के सामने गिर गए थे। इसके नीचे दबे वाहनों में 15 लोगों की मौत हो गई थी और कई लोग घायल हो गए थे। घटना को लेकर सिगरा थाने में दर्ज मुकदमे की विवेचना एसएसपी ने क्राइम ब्रांच को सौंपी है। विवेचना कर रही क्राइम ब्रांच ने अब तक सेतु निगम के अधिकारियों से फ्लाईओवर से जुड़े कागजात और सिविल इंजीनियरिंग के जानकारों की राय लेने के साथ ही दुर्घटनास्थल का मुआयना किया है। आरोपियों की अब तक गिरफ्तारी न होने के सवाल पर एसएसपी राम कृष्ण भारद्वाज ने तफ्तीश और साक्ष्यों के आधार पर जल्द कार्रवाई की बात कही है। बताया कि साक्ष्य एकत्र करने के साथ ही चश्मदीदों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। तकनीकी समिति की रिपोर्ट और विषय विशेषज्ञों की राय को तफ्तीश में शामिल कर आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।