उत्तर प्रदेश सरकार ने भाजपा सांसद वरुण गांधी के प्रति अपना रवैया बदलते हुए अब उन्हें अदालत से मिली राहत का विरोध करने का फैसला किया है।
वरुण को पीलीभीत में पिछले लोकसभा चुनाव के दौरान दर्ज मुकदमों में सेशन व मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत से मिली राहत के खिलाफ राज्य सरकार सक्षम अदालतों में अपील दायर करेगी।
बदलते सियासी समीकरणों का ही नतीजा है कि जिस सरकार ने नवंबर 2012 में वरुण पर दर्ज मुकदमों को वापस लेने के लिए जिला प्रशासन से रिपोर्ट मांगी थी, वही सरकार वरुण को अदालत से राहत मिलने के खिलाफ अपील करने जा रही है।
वरुण के खिलाफ पीलीभीत में 2009 और 2010 में मुकदमे दर्ज हुए थे। ये मामले धार्मिक भावनाएं भड़काने और लोगों को उकसाने से जुड़े हुए हैं।