उन्नाव। प्रदेश में कई शहरों में कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों के चिह्नित होने के बाद स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है। जिला अस्पताल से सभी सीएचसी व पीएचसी डॉक्टर और स्टाफ मास्क व ग्लब्स पहनकर काम कर रहे हैं। अधिक प्रयोग होने से मास्क कम पड़ गए हैं। स्वास्थ्य विभाग 1600 मास्क खरीदेगा। इसके लिए शासन को पत्र भेजा गया है।
कोरोना वायरस को लेकर स्वास्थ्य विभाग सतर्क है। दूसरे देशों से आने वाले लोगों पर लगातार नजर रखी जा रही है। जिले में अलग अलग देशों से अबतक 17 लोग वापस लौटे हैं। उनपर स्वास्थ्य विभाग नजर है। एक महीने में चीन से 10, थाईलैंड से 5, जापान व ईरान से 1-1 व्यक्ति शहर आए हैं। इनमें 6 की निगरानी पूरी की जा चुकी है। जबकि 10 लोगों की स्वास्थ्य विभाग टीम अभी भी निगरानी कर रही है। कोरोना वायरस को देखते हुए जिला अस्पताल में आइसोलेशन वार्ड पहले से बना है। लखनऊ और कानपुर में कोरोना की दस्तक के बाद स्वास्थ्य महकमा और अलर्ट हो गया है। डॉक्टर से लेकर पैरामेडिकल स्टाफ तक मास्क लगाकर काम करते नजर आ रहे हैं। सीएमएस डॉ. बीबी भट्ट ने बताया कि मास्क की खपत अधिक होने से स्टॉक कम पड़ गया है। शासन को पत्र भेजकर 1600 और मास्क मांगे गए हैं।
एसीएमओ डॉ. आरएस मिश्रा ने बताया कि प्रमुख सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य के निर्देश पर शहर की घनी बस्ती से दूर एक आईसोलेशन वार्ड बनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि बिल्डिंग की तलाश की जा रही है। उपयुक्त भवन मिलते ही आईसोलेशन वार्ड जल्द से जल्द स्थापित किया जाएगा।
क्या हैं बचाव के उपाय
1- मांसाहारी भोजन से बचें।
2- भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर अधिक न जाएं, हाथ मिलाने से बचें।
3- मास्क का प्रयोग करें, बार-बार साबुन से हाथ धोएं।
4- जुकाम, खांसी या तेज बुखार वालाें से कम से कम 3 मीटर की दूरी रखें। यह दिक्कत होने पर डॉक्टर से संपर्क करें।
5- गिलोय, तुलसी, काली मिर्च का काढ़ा पीएं। इससे रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ेगी
6- मोबाइल हर जगह न रखें। सिंगल हाथों का प्रयोग अनिवार्य है।
7- साग सब्जी को सही ढंग से धोने के बाद ही प्रयोग करें।