परियर। पौष पूर्णिमा पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने गंगा में डुबकी लगाई। शिवालयों में पूजाकर दान पुण्य किया। पुरोहितों को दक्षिणा दी।
शुक्रवार शाम से ही श्रद्धालुओं का पहुंचना शुरू हो गया था। शनिवार की सुबह चार बजे से स्नान का सिलसिला आरंभ हो गया। गंगा स्नान के पश्चात घर वापसी की ओर लौटते समय श्रद्धालुओं ने रास्ते में स्थित बाबा बलखंडेश्वर मंदिर और जानकी कुंड में दर्शन-पूजन कर अपनी आस्था व्यक्त की। उन्होंने इन पवित्र स्थलों पर जाकर भगवान का आशीर्वाद प्राप्त किया।
बीघापुर प्रतिनिधि के अनुसार पौष पूर्णिमा पर बक्सर घाट पर भोर पहल से ही श्रद्धालुओं की भीड़ रही। लोगों ने गंगा स्नान और दान के बाद मां चंडिका देवी के दर्शन किए। विभिन्न पर्वों के अलावा सामान्य दिनों में भी बक्सर घाट पर स्नान और माता चंडिका देवी की दर्शन के लिए काफी भीड़ रहती है। उन्नाव के अलावा, कानपुर, फतेहपुर, रायबरेली सहित अन्य जिलों के श्रद्धालु पहुंचते हैं। स्नान पर्व होने से पुलिस भी मुस्तैद रही। बांगरमऊ के नानामऊ घाट पर भी स्नानार्थियों की भीड़ रही।
कड़ाके की ठंड ने रोकी भीड़
हालांकि इस वर्ष पौष पूर्णिमा पर कड़ाके की ठंड के कारण गंगा स्नान करने वाले श्रद्धालुओं की संख्या पिछले वर्षों की अपेक्षा कम रही। कड़ाके की ठंड के बावजूद आस्थावानों ने पवित्र स्नान कर पुण्य कमाया। यह पर्व आस्था और विश्वास का प्रतीक है जिसे श्रद्धालुओं ने पूरी श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया।