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कही पानी की मारामारी, कहीं पानी की बर्बादी

Mon, 11 Apr 2016 12:21 AM IST
ब्यूरो अमर उजाला, उन्नाव
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जलसंकट - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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भूजल स्तर कई फीट खिसक गया है। ग्रामीण इलाकों में स्थिति और भी बदतर है। तालाब, कुएं सूखे पड़े हैं। इन सबके बीच प्रशासनिक अनदेखी का आलम यह है कि कहीं महीनों से लीकेज पाइप लाइन दुरुस्त नहीं की जा सकी तो कहीं स्टैंड पोस्ट में टोटी न होने से पानी नालियों में जा रहा है। इतना ही नहीं रोजाना लाखों लीटर पीने योग्य पानी वाहन धुलाई के नाम पर बहाया जा रहा है। नतीजतन कई गांवों और कबई इससे जहां पानी की बर्बादी तो हो ही रही है वहीं गाड़ियों से निकलने वाला कचरा नाले व नालियों को चोक कर रहा है। जहां पानी की दिक्कत है वहां पर लोग कई किलोमीटर से पानी लाने को मजबूर हैं।
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शहर से करीब सात किलोमीटर दूरी पर मगरवारा के करीब पांच सौ परिवार पानी के लिए त्राहि-त्राहि कर रहे हैं। यहां करीब चार महीनों से पानी की सप्लाई बंद है। उन्नाव-शुक्लागंज मार्ग के फोरलेन निर्माण होने के चलते पाइप लाइन टूट गई थी। हाल यह है कि लोगों को करीब एक किलोमीटर दूरी ट्यूबवेल से पीने ढोकर लाना पड़ता है। महिलाओं व बच्चों को घंटाें लाइन लगानी पड़ रही है। दूसरी ओर शहर में खुले 12 से अधिक वाहन धुलाई केंद्रों में रोजाना लाखों लीटर पानी बहाया जा रहा है। केंद्रों में बाइक के 30 रुपये और चौपहिया वाहनों से दो सौ रुपये वसूले जा रहे हैं। शहर के दर्जन भर धुलाई केंद्रों में पानी का आंकड़ा लाखों लीटर प्रतिदिन तक पहुंच जाता है। केंद्रों में पानी की बर्बादी पर लगाम लगाने को अभी तक जिला प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा सका।

दिन गुजर जाता पानी की जुगत में
उन्नाव। मगरवारा क्षेत्र में रहने वाली शकुंतला देवी का कहना है वह लोग बीते चार महीनों से पीने के लिए पानी करीब एक किमी दूर स्थित ट्यूबवेल से ढोकर लाती हैं। क्षेत्र के निवासी अगम, जयशंकर व राजेश ने बताया कि वह लोग रोजाना सुबह से ही पानी की जुगत में लग जाते हैं। पहले घर में पीने के पानी की आवश्यकता पूरी करते हैं इसके बाद ही अन्य काम करते हैं। बताया कि यह सिलसिला कई महीनों से चल रहा है लेकिन, कोई भी इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। लोगों ने जिला प्रशासन से उनकी पानी की समस्या को दूर कराने की मांग की है।
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स्टैंड पोस्ट से टोटियां गायब
औरास। औरास कस्बे में जलापूर्ति के लिए लगे स्टैंड पोस्ट की टोटियां महीनों से गायब हैं। रोजाना हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। बिना टोटियों के पानी नालियों में बह रहा है । कस्बे में कुल दस वार्ड हैं। ग्रामीणों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के लिए सार्वजनिक जगहों पर स्टैंड पोस्ट लगाए गए। इसमें सुबह और शाम के समय नियमित जलापूर्ति होती है। कई स्थानों पर लगे स्टैंड पोस्ट में महीनों से गायब हैं या तो टूट गई हैं। लोगों ने बताया कि टोटियां न लगी होने से इन स्टैंड पोस्ट से जलापूर्ति के समय हजारों लीटर पानी नालियों में बहता रहता है।

बोले जिम्मेदार
अभियान चलाकर कराएंगे कार्रवाई
नगर पालिका ईओ उमेश मिश्रा ने कहा कि बिना परमीशन के शहर में चल रहे व्हीकल वाशिंग सेंटर के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। इस दौरान जो भी लोग अवैध रूप से वाहनों की धुलाई कर रहे हैं उनके खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी।
जल्द बहाल होगी जलापूर्ति
जलनिगम एक्सईएन एनके सिंह ने बताया कि मगरवारा के आधे क्षेत्र में पानी की सप्लाई शुरू कर दी गई है। काम तेजी के साथ चल रहा है। शेष क्षेत्र में जल्द पानी की आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। ईओ औरास मुकेश कुमार निगम ने कहा कि जिन जगहों पर टोटियां नहीं है उन्हें चिह्नित कर टोटियां लगाई जाएंगी।
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