गंगा को स्वच्छ व निर्मल बनाने के लिए 6.30 करोड़ रुपये की धनराशि खर्च की जाएगी। जनपद में गंगा किनारे के 34 ग्राम पंचायतों में ठोस एवं अपशिष्ट निस्तारण के लिए करोड़ों की डीपीआर (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार की गई है। प्रस्ताव में इन गांवों में सोख्ता टैंक व कंपोस्ट गड्ढे की व्यवस्था की जाएगी। पंचायतीराज विभाग ने डीपीआर को निदेशालय भेज दिया है।
वर्ष 2014 में केंद्र में सरकार बनाने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नदी गंगा को स्वच्छ व निर्मल बनाने का संकल्प लिया था। इसके लिए नमामि गंगे योजना शुरू की गई थी। योजना के तहत गंगा में गिरने वाले नालों को रोकना था। इसी कड़ी में गंगा किनारे बसे गांवों पर फोकस किया गया। जनपद में गंगा किनारे 34 ग्राम पंचायतें बसी हुई हैं।
वर्तमान समय में किनारे के गांवों का पानी और कूड़ा-करकट सीधे गंगा में जा रहा है। जिससे गंगाजल दूषित हो रहा है। जिसको देखते हुए कटरी क्षेत्र के गांवों के गंदे पानी व ठोस अपशिष्ट के निस्तारण की गांव में ही व्यवस्था करने की कवायद शुरू की गई है। इसके तहत घरों से निकलने वाले गंदे पानी के लिए घरेलू व सामुदायिक सोख्ता टैंक बनाए जाएंगे। इसमें घरेलूस्तर पर जिनके पास जगह होगी उनके घर के बाहर टैंक खोद दिए जाएंगे। वहीं जहां जगह नहीं होगी उसके लिए सामुदायिक सोख्ता टैंकों की व्यवस्था की जाएगी। घरों का गंदा पानी सीधे टैंकों में जाएगा। वहीं घर के निकलने वाले ठोस अपशिष्ट (सब्जी व अन्य घरेलू सामान) के लिए वर्मी कम्पोस्ट (खाद) गड्ढे खोदे जाएंगे। पंचायतीराज विभाग ने गंगा किनारे के सभी 34 ग्राम पंचायतों की डीपीआर तैयार की है। रिपोर्ट में 6.30 करोड़ खर्च होने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। सीडीओ प्रेमरंजन सिंह ने बताया कि 34 गांवों की डीपीआर लखनऊ निदेशालय भेज दिया गया है।
गंगा किनारे की यह हैं ग्राम पंचायतें
-बीघापुर ब्लाक की लालखेड़ा
-बांगरमऊ ब्लाक की जगतनगर, फरीदपुर कट्टर, मेलाआलमशाह व कटरीगदनपुर आहार
-सिकंदरपुर करन की विभौरा चंदनपुर, दुधौड़ा सरवागर, रजवाखेड़ा, खुटहा नौगवां, बदियाखेड़ा, कटरी अलुहापुर सरेसा, बैदरा व निबई गैर एहतमाली
-सिकंदरपुर सरोसी की कनिकामऊ, बसधना, शंकरपुर सराय, मिर्जापुर, कटरी मरौंदा मझवारा, सन्नी, नेतुआ ग्रामीण, रौतापुर व खैरहा एहतमाली
-सुमेरपुर की सेढ़ूपुर, दूलीखेड़ा, बक्सर व संग्रामपुर
-सफीपुर ब्लाक की सफीपुर
-फतेहपुर चौरासी की जैतपुर, रुस्तमपुर, गड़ाई व जाजामऊ एहतमाली
-गंजमुरादाबाद की बेहटा कच्छ, सिरधरपुर एहतमाली व भिखारीपुर पतसिया।