सदर कोतवाली क्षेत्र के शेखपुर नरी गांव में बेटी को विदा कराने गए परिजनों से ससुरालीजनों ने पहले हाथापाई की और फिर गांव में दौड़ा-दौड़ा कर जमकर पीटा। बीचबचाव करने पहुंची गर्भवती पत्नी को भी युवक ने पीट दिया। जिससे उसके पेट में अंदरूनी चोटें आई हैं। घटना के बाद से आरोपी घर में ताला लगाकर मौके से भाग निकले। पुलिस ने घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
कोतवाली क्षेत्र के प्रयाग नारायणखेड़ा निवासी अवध बिहारी वर्मा ने बेटी गायत्री का विवाह 7 जून 2015 को शेखपुर नरी निवासी जितेंद्र पुत्र विजय से किया था। शादी के बाद से ही दोनों परिवारों में दहेज को लेकर मन मुटाव चल रहा था। रविवार को गायत्री की मां सरोजनी देवी व बड़ी बहन गुड्डी उसे लेने ससुराल गए थे। यहां ससुरालीजनों ने उनसे अभद्रता की। जिसके बाद वह वापस घर लौट आईं और जानकारी पति व पुत्रों को दी। सोमवार को अवध बिहारी अपने पुत्र त्रिपेश, हरिओम व नाती आकाश, विशाल के बेटी को विदा कराने उसकी ससुराल पहुंचे। यहां पहले दोनों पक्षों में बातचीत हुई। धीरे-धीरे मामला बढ़ता गया और नौबत हाथापाई तक आ गई। गायत्री के ससुराल वालों ने लाठी डंडों से उसके मायके पक्ष के लोगों पर हमला बोल दिया और गांव में दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। पिता को पिटता देख गायत्री ने बचाने का प्रयास किया तो उसे भी पीट दिया। इससे उसके पेट में अंदरूनी चोटें आईं हैं। वह सात माह के गर्भ से है। मारपीट में अवध बिहारी के सिर पर डंडा लगने से उनका सिर फट गया। सूचना पर हल्का इंचार्ज बहादुर सिंह दलबल के साथ गांव पहुंचे, लेकिन तब तक आरोपी घर में ताला बंद कर भाग चुके थे। अवध बिहारी ने ससुर विजय, दामाद जितेंद्र, सास व ननद अनीता व सुनीता के खिलाफ मारपीट का मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आरोपियों की तलाश करने की बात कही है।