फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पांच एडीओ को प्रतिकूल प्रविष्टि, 11 सचिवों को नोटिस

विज्ञापन
विज्ञापन
उन्नाव। सामुदायिक शौचालय निर्माण में खानापूर्ति व फर्जी रिपोर्टिंग पर डीएम ने सख्त रुख अपनाते हुए पांच विकास खंडों के एडीओ पंचायत को प्रतिकूल प्रविष्टि दी है। नवाबगंज के 11 पंचायत सचिवों को नोटिस जारी कर सामुदायिक शौचालयों को लेकर जवाब मांगा गया है।
विज्ञापन

जिले की 1040 ग्राम पंचायतों में 2, 4 व 6 सीटर सामुदायिक शौचालयों का निर्माण शुरू कराया गया था। प्रदेश सरकार ने काम पूरा करने की तारीख 19 दिसंबर 2020 तय की थी। हालांकि तय समय पर अधिकांश शौचालयों का निर्माण पूरा नहीं हो पाया। परिणामस्वरूप कार्रवाई के डर से पंचायत सचिवों ने अधूरे शौचालयों को पूरा दिखा दिया और फोटो अपलोड कर दी। अमर उजाला ने इस मामले को उठाया। डीएम रवींद्र कुमार ने खबरों का संज्ञान लेकर अधिकारियों से सत्यापन कराया। सत्यापन में अधूरे शौचालय मिलने पर सहायक विकास अधिकारी (एडीओ) पंचायत को नोटिस जारी करके स्पष्टीकरण तलब किया। अपूर्ण शौचालयों को पूरा कराकर तीन दिन में फोटोग्राफ सहित आख्या देने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने डीएम के आदेश को हवा में उड़ाते हुए फोटो सहित आख्या नहीं दी। इस पर जिलाधिकारी ने बांगरमऊ के एडीओ पंचायत विनीत मिश्रा, पुरवा के शिवओम, सुमेरपुर के हरिओम तिवारी, गंजमुरादाबाद के धर्मदास और मियागंज के अनिल राणा को विशेष मध्यावधि प्रतिकूल प्रविष्टि दी।
नवाबगंज विकासखंड की 11 ग्राम पंचायतों में भी सामुदायिक शौचालय पूरे नहीं हो सके हैं। इन पंचायतों में भैंसोरा, बिचपरी, तेंदुवा, कोटवा, कैथनखेड़ा, कोटवा गोरिंदा, बजेहरा, हसनापुर, नदौहा, पिपरोसा व मिर्जापुर शामिल हैं। यहां पर बने सामुदायिक शौचालय अपूर्ण हैं। इसकी जानकारी गांव की स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने नवाबगंज विकासखंड में आयोजित एक बैठक में दी थी। इसे संज्ञान में लेकर डीपीआरओ गिरीशचंद्र साहू ने ग्राम पंचायतों के सचिवों ने स्पष्टीकरण तलब किया है। आदेश दिए हैं कि इन पंचायतों के शौचालयों के अंदर व बाहर की फोटोग्राफ सहित आख्या और स्वयं सहायता समूह को भुगतान का विवरण एडीओ पंचायत के माध्यम से उपलब्ध कराएं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें