सुल्तानपुर। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ने ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए नई रणनीति बनाई है। स्वरोजगार की इच्छुक महिलाओं को चिह्नित कर उन्हें न सिर्फ रोजगार के टिप्स दिए जाएंगे। प्रशिक्षण देकर सीधे काम से जोड़ने की तैयारी शुरू कर दी गई है। इसके लिए ब्लॉक स्तर पर डेटा जुटाने का काम तेज कर दिया गया है।
जिले में मिशन के तहत 16 हजार स्वयं सहायता समूह सक्रिय हैं, जिनसे लगभग 1.70 लाख महिलाएं जुड़ी हैं। जिला मिशन प्रबंधक नीरज श्रीवास्तव के मुताबिक ब्लॉक मिशन प्रबंधकों से स्वरोजगार की इच्छुक महिलाओं का विस्तृत ब्योरा मांगा जा रहा है। सूची तैयार होते ही संबंधित क्षेत्र के अनुसार प्रशिक्षण दिलाया जाएगा। इसके बाद महिलाओं को विभागीय योजनाओं से जोड़कर स्वरोजगार शुरू कराया जाएगा। मिशन के तहत महिलाओं को उद्यम, कृषि, स्वास्थ्य, शिक्षा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में अवसर दिए जाएंगे। खास बात यह है कि समूह की सामूहिक ताकत के जरिये महिलाओं को बाजार, ऋण और प्रशिक्षण तीनों स्तर पर सहयोग मिलेगा।
ऐसे बदलेगी तस्वीर
इच्छुक महिलाओं का ब्लॉक स्तर पर चयन
क्षेत्रवार प्रशिक्षण की होगी व्यवस्था
विभागीय योजनाओं से जोड़ा जाएगा
समूह के जरिये ऋण व बाजार की सुविधा
स्वरोजगार से बढ़ेगी आय और आत्मनिर्भरता