सुल्तानपुर। कोविड-19 संक्रमण से शिक्षकों को सुरक्षा कवच उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ब्लॉक संसाधन केंद्रों (बीआरसी) पर एक जून से वैक्सीनेशन कैंप आयोजित किया जाएगा। बीएसए ने खंड शिक्षाधिकारियों से 18 से 44 और 45 से 62 आयु वर्ग के शिक्षकों की जानकारी मांगी है।
कोरोना की दूसरी लहर बेसिक शिक्षा विभाग के लिए घातक सिद्ध हुई है। इस बीमारी से एक खंड शिक्षाधिकारी समेत 23 लोग अब तक मौत का शिकार बन चुके हैं। कोरोना की वजह से कई शिक्षक बीमार भी हुए थे।
इनमें से अधिकतर शिक्षक कोरोना को मात देकर स्वस्थ हो चुके हैं। फिर भी कोरोना को लेकर उनमें भय का माहौल है। बेसिक शिक्षा विभाग में नई भर्तियों में नियुक्त हुए 45 वर्ष से कम आयु के शिक्षकों को अभी तक वैक्सीन की सुविधा भी उपलब्ध नहीं हो पाई है।
बीएसए दीवान सिंह यादव ने शिक्षकों को सुरक्षा कवच उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सीएमओ से बात की है। अब सभी ब्लॉक संसाधन केंद्रों पर एक जून से शिक्षकों, शिक्षामित्रों व अनुदेशकों को वैक्सीन लगाई जाएगी।
इसके लिए 18 से 44 तथा 45 से 62 आयु वर्ग की सूची अलग-अलग मंगाई गई है। खंड शिक्षाधिकारियों से अविलंब सूचना भेजने को निर्देशित किया गया है। ताकि पहली जून से वैक्सीनेशन की सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
45 वर्ष से कम के सर्वाधिक शिक्षक
पांच वर्षों में हुई शिक्षक भर्तियों में लगभग 5000 शिक्षक जिले में नियुक्त हुए हैं। कुल शिक्षकों की संख्या का यह लगभग 50 फीसदी हैं। इन शिक्षकों की उम्र 45 वर्ष से कम है।
कोरोना की वजह से जान गंवाने वाले कई शिक्षक इसी आयु वर्ग के थे। वैक्सीनेशन की सुविधा उपलब्ध न होने की वजह से शिक्षकों में भय का माहौल था। अब वैक्सीन की सुविधा उपलब्ध हो जाने से शिक्षकों को आसानी होगी।
शिक्षकों का स्वास्थ्य अहम
परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों का स्वास्थ्य दुरुस्त रहना अहम है। अभी तक बड़ी संख्या में शिक्षक वैक्सीनेशन की सुविधा से वंचित हैं। इसे देखते हुए एक जून से सभी बीआरसी पर वैक्सीनेशन कैंप आयोजित करने का निर्णय लिया गया है। सभी खंड शिक्षाधिकारियों से सूची अविलंब भेजने का निर्देश दिया गया है।
- दीवान सिंह यादव, बीएसए