सुल्तानपुर। जिले के इकलौते स्पोर्ट्स स्टेडियम में खिलाड़ियों के अभ्यास पर कोच की कमी भारी पड़ रही है। विभिन्न खेलों के करीब दो सौ खिलाड़ी बिना कोच के ही अभ्यास कर रहे हैं। दो साल से स्टेडियम में एक भी कोच की तैनाती नहीं हुई है।
जिले में खेल गतिविधियों के संचालन का प्रमुख केंद्र इकलौता पंत स्पोर्ट्स स्टेडियम है। यहां पर क्रिकेट, वालीबॉल, हॉकी, दौड़, कबड्डी, कुश्ती, तैराकी, हैंडबाल, टेबल टेनिस समेत अन्य खेलों के करीब 200 खिलाड़ी नियमित अभ्यास करते हैं। जूनियर व सब जूनियर वर्ग के सभी खिलाड़ी जिला, मंडल, राज्य व राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं की तैयारी कर रहे हैं। इन खिलाड़ियों को कोच के अभाव में सही मार्गदर्शन नहीं मिल पा रहा है। स्टेडियम में दो वर्ष से किसी भी खेल का कोच नहीं है। खिलाड़ियों का कहना है कि बेहतर अभ्यास के लिए कोच का मार्गदर्शन जरूरी है। बिना कोच के किसी भी खेल की तैयारी करना आसान नहीं है।
एथलेटिक्स की प्रैक्टिस करने वाले आशीष ने बताया कि कोच नहीं होने से उन्हें डाइट चार्ट और फिटनेस मेनटेन करने में दिक्कत आती है। इसके अलावा प्रैक्टिस के दौरान 400, 600 व 1000 मीटर की दौड़ लगाने में समय को कवर करना मुश्किल होता है। इसके लिए कोच का मागदर्शन बेहद जरूरी है। कबड्डी के सब जूनियर खिलाड़ी विनय सिंह व सोहराब ने बताया कि कोच के अभाव में सही पैंतरों का इस्तेमाल नहीं सीख पा रहे हैं। वालीबॉल खिलाड़ी शिवम तिवारी ने बताया कि टीम में किस खिलाड़ी को कहां से खेलना है, यह कोच ही तय करता है। कोच के बिना अभ्यास करने में दिक्कत आ रही है।
स्टेडियम में निर्माण पूरा होने के बाद कोच मिलने की उम्मीद
जिला क्रीड़ाधिकारी जवाहर लाल यादव का कहना है कि पंत स्टेडियम में खेल कोच की तैनाती नहीं होने की सूचना उप निदेशक खेल को भेजी गई है। वहां से बताया गया है कि जब तक स्टेडियम में निर्माण कार्य चल रहा है, कोच नहीं भेजे जाएंगे। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद कोच मिलने की उम्मीद है।