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विधानसभा चुनाव में भेजी गईं 33 बसें

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बस स्टेशन परिसर में बस का इंतजार करते लोग। - फोटो : SULTANPUR
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सुल्तानपुर। विधानसभा चुनाव के लिए रोडवेज की 33 बसें भेजे जाने से जिले में बसों की कमी पड़ गई है। सहालग के मौसम में बसों से फोर्स को भेजे जाने से बस अड्डे पर यात्री दिन भर वाहनों के लिए भटकते रहे। स्थानीय से लेकर दूर-दराज तक के यात्रियों के लिए वाहनों के इंतजाम में अधिकारियों के पसीने छूट गए हैं।
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विधानसभा के पहले चरण के चुनाव में फोर्स को भेजने के लिए आयोग ने शासन से रोडवेज बसों को उपलब्ध कराने को कहा था। शासन के निर्देश पर पहले चरण के चुनाव के लिए जिले के परिवहन निगम से तीन चरणों में अब तक 33 बसें भेजी जा चुकी हैं। चार दिन पहले जिले से रोडवेज की 10 बस बीएसएफ को लेकर भेजी गई थी। शनिवार को 11 बस फिर होमगार्डों को लेकर भेजी गई। रविवार को 12 रोडवेज बसें फिर फोर्स को लेकर भेजी गईं। तीन चरणों में अब 33 रोडवेज बसें भेजे जाने से निगम में वाहनों की कमी पड़ गई है। 77 बसों में 33 बसें चुनाव में चली जाने से अब निगम के पास विभिन्न रूटों को मिलाकर 44 बसें बची हैं। करीब आधी बसें चुनाव में जाने से विभिन्न रूटों पर बसों की कमी पड़ गई है।
सहालग के मौसम में बसों की कमी से यात्रियों के लिए परेशानी खड़ी हो गई है। बस स्टेशन परिसर बसों से तकरीबन खाली सा हो गया है। बसों की चरणवार वापसी होगी। बसों की कमी की वजह से बस स्टेशन पर यात्रियों को घंटों खड़े होकर रोडवेज बसों का इंतजार करना पड़ रहा है। रविवार की शाम को बस स्टेशन पर लखनऊ, आजमगढ़, वाराणसी समेत स्थानीय कस्बों में जाने के लिए यात्री इधर से उधर भटकते रहे। ठंड में बसों की कमी से यात्री परेशान रहे। बसों के इंतजाम में रोडवेज अधिकारियों के पसीने छूट गए हैं। बसों के आने तक यात्रियों की दिक्कत बनी रहेगी। रोडवेज के सहायक प्रबंधक सुरेंद्रनाथ पांडेय ने बताया कि शासन के निर्देश पर फोर्स को लेकर 33 बसों को भेजा गया है। शेष बसों से ही काम चलाया जा रहा है। वापसी के बाद ही स्थिति सामन्य हो पाएगी।
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