सुल्तानपुर। मेडिकल काॅलेज के महिला अस्पताल में मंगलवार को बड़ा हादसा होते-होते टल गया। सुबह जर्जर पीएनसी वार्ड (प्रसवकालीन देखभाल कक्ष) की छत का प्लास्टर टूटकर गिर गया। इससे बेड संख्या 16 पर भर्ती महिला और नवजात को हल्की चोटें आ गईं। जानकारी के बाद परिजनों ने अस्पताल में हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को समझाकर शांत कराया। प्राथमिक उपचार के बाद जच्चा-बच्चा को घर भेज दिया गया।
जयसिंहपुर की क्षमा मिश्रा को प्रसव पीड़ा होने पर सोमवार शाम महिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। रात करीब 10:15 बजे क्षमा ने बेटी को जन्म दिया, जिसके बाद जच्चा-बच्चा को पीएनसी वार्ड में भेज दिया गया। क्षमा अपनी बेटी के साथ बेड संख्या 16 पर लेटी थी। सुबह करीब 5:16 बजे वार्ड की छत का प्लास्टर उन पर गिर गया। हादसे में जच्चा-बच्चा को हल्की चोंटें आ गईं। इस लापरवाही पर परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया। काफी देर तक हंगामा चलता रहा।
प्लास्टर गिरने की सूचना से वार्ड में अफरातफरी मच गई। हंगामे की जानकारी मिलने पर नगर कोतवाली पुलिस मेडिकल कॉलेज पहुंची और क्षमा के परिजनों को शांत कराकर अस्पताल के बाहर भेजा। प्राथमिक उपचार के बाद जच्चा-बच्चा को परिजन घर लेकर चले गए। डरे-सहमे मरीजों को अस्पताल प्रशासन ने पीपीसी वार्ड में शिफ्ट कराया है। जर्जर पीएनसी वार्ड को पूरी तरह से खाली करा दिया गया है।
जर्जर पीएनसी वार्ड को ध्वस्त करने की चल रही कार्रवाई
मेडिकल काॅलेज में सीसीयू (क्रिटिकल केयर यूनिट) बनाया जाना है, जिसके चलते महिला अस्पताल की इमरजेंसी समेत अन्य वार्डों को तोड़ा जाना है। एमसीएच विंग की मरम्मत के बाद इमरजेंसी समेत अन्य वार्डों को यहां शिफ्ट किया जाएगा, जिसके बाद पीएनसी वार्ड के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
दूसरे वार्ड में शिफ्ट कराए गए मरीज
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डाॅ. सलिल श्रीवास्तव ने बताया कि सुबह प्लास्टर गिरने के बाद मरीजों को वैकल्पिक व्यवस्था के तहत दूसरे वार्ड में शिफ्ट किया गया है। पीएनसी वार्ड को गिराकर सीसीयू बनाया जाना है। क्रिटिकल केयर यूनिट बनने से मरीजों को उपचार में काफी सहूलियत मिलेगी।