सुल्तानपुर। डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय की परीक्षाओं के लिए अमेठी और सुल्तानपुर जनपद में छह नोडल केंद्र बनाए गए हैं। प्रश्नपत्रों की वितरण व्यवस्था और उत्तर पुस्तिकाओं के संकलन का जिम्मा नोडल केंद्रों को दिया गया है।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत पहली बार स्नातक प्रथम वर्ष की सेमेस्टर की परीक्षाएं संपन्न हो चुकी हैं। अब द्वितीय व तृतीय वर्ष की परीक्षा सोमवार से आयोजित होनी है। परास्नातक कक्षाओं की भी परीक्षाएं मई में होंगी। वार्षिक परीक्षाओं के लिए डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय ने सुल्तानपुर और अमेठी में 124 केंद्र बनाए हैं। इन केंद्रों पर प्रश्नपत्रों के वितरण और उत्तर पुस्तिकाओं के संकलन के लिए छह नोडल सेंटर नामित किए गए हैं। नोडल सेंटरों से प्रश्नपत्र वितरित होंगे।
परीक्षा संपन्न होने के बाद उत्तर पुस्तिकाएं भी नोडल केंद्र पर जमा होंगी। डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक उमानाथ ने बताया कि नोडल केंद्रों को प्रश्नपत्र वितरण केंद्र बनाया गया है। नोडल सेंटरों के केंद्राध्यक्षों को निर्देश दिया गया है कि प्रश्नपत्र वितरण और उत्तर पुस्तिका संकलन के लिए अपने स्तर से कार्मिकों की ड्यूटी लगाएं। परीक्षा की गोपनीयता के लिए कार्मिकों को निर्देशित करें। समस्त प्रक्रिया सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में की जाए।
ये कॉलेज बने नोडल केंद्र
विश्वविद्यालय की वार्षिक परीक्षा के लिए सुल्तानपुर जनपद में कमला नेहरू भौतिक एवं सामाजिक विज्ञान संस्थान, राणा प्रताप स्नातकोत्तर महाविद्यालय, संत तुलसीदास पीजी कॉलेज कादीपुर और संजय गांधी पीजी कॉलेज चौकिया को नोडल केंद्र बनाया गया है। वहीं, अमेठी जनपद में इंदिरा गांधी पीजी कॉलेज, गौरीगंज और आरआर पीजी कॉलेज अमेठी को नोडल केंद्र नामित किया गया है। बड़ी संख्या में छात्र और सहायता प्राप्त पीजी कॉलेज होने के बाद भी गनपत सहाय स्नातकोत्तर महाविद्यालय को नोडल सेंटर न बनाया जाना सवाल खड़े करता है। सेमेस्टर परीक्षा में भी गनपत सहाय पीजी कॉलेज को नोडल सेंटर नहीं बनाया गया था।