सुल्तानपुर। पंद्रह साल पुराने हत्या के केस में कई पेशियों से जिरह के लिए हाजिर नहीं होने वाले उप निरीक्षक प्रमेंद्र प्रताप सिंह के खिलाफ एडीजे प्रथम संतोष कुमार की अदालत ने कड़ा रुख अपनाया है। एसपी बाराबंकी को दरोगा को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश करने का आदेश दिया है। साथ ही अदालत ने गवाही नहीं दर्ज कराने तक वेतन भी रोकने का आदेश दिया है। इस मामले में सुनवाई के लिए पहली अगस्त की तारीख तय की गई है।
गोसाईगंज थाने के चांदपुर सैदोपट्टी गांव के पास बाईपास रोड के किनारे 11 मई 2010 को ड्राइवर की हत्या कर लाश फेंकने के आरोप में कुड़वार थाने के रायापुर मजरे सरैया पूरे बिसेन निवासी ट्रक मालिक मो. अहमद खान ने मुकदमा दर्ज कराया था। तफ्तीश के दौरान वादी मुकदमा मो.अहमद व सह आरोपी मो. शाहिद अख्तर व एहसान उल्ला का नाम वारदात को अंजाम देने व साक्ष्य मिटाने के प्रयास में सामने आया।
इस मामले का विचारण एडीजे प्रथम की अदालत में चल रहा है। जिसमें दरोगा प्रमेंद्र प्रताप सिंह का बीते 30 अप्रैल को मुख्य बयान दर्ज किया गया, लेकिन वह कई पेशी बीतने बाद भी जिरह के लिए हाजिर नहीं हुए। अदालत ने दरोगा की लापरवाही पर सख्त रुख अपनाते हुए एसपी बाराबंकी को कार्रवाई का आदेश दिया है।