सुल्तानपुर। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट नवनीत सिंह की अदालत में उपनिरीक्षक गुलाब चंद्र, बस चालक व परिचालक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए दी गई अर्जी के मामले में रिपोर्ट नहीं देने पर बुधवार को कोर्ट ने संज्ञान लिया है। अदालत ने इस मामले में थाना प्रभारी गोसाईगंज व संबंधित अफसरों से जवाब-तलब किया है। अदालत ने सुनवाई के लिए 11 मार्च की तारीख तय की है।
गोसाईगंज थाने के टाटिया नगर-सैदपुर निवासी मनेश निषाद के आरोप के मुताबिक, गत तीन अक्तूबर को लोग सड़क के किनारे स्थापित दुर्गा मूर्ति का दर्शन करने आए थे और भंडारे का प्रसाद ग्रहण कर रहे थे। प्रतापगढ़ जिले के लालगंज अझारा निवासी लालगंज डिपो के बस चालक आरोपी संतोष माली ने बेकाबू तरीके से बस को चलाया, जिससे सड़क के किनारे जमा भीड़ चपेट में आने से बाल-बाल बची। बस तेज चलाने का विरोध करने पर चालक व पूरे गुलाबराय-बाबूगंज, प्रतापगढ़ के रहने वाले बस परिचालक विशेष प्रताप यादव ने लोगों के साथ अभद्र व्यवहार किया व मारपीट की।
आरोप है कि तत्कालीन एसआई गुलाब चंद्र पाल की मिलीभगत से भंडारे में शामिल युवकों को गलत तरीके से आरोपी बनाकर उनका चालान भी करा दिया। वादी ने तीनों आरोपियों के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए हैं। मामले में उच्चाधिकारियों से शिकायत के बावजूद कार्रवाई न होने पर वादी ने कोर्ट की शरण ली है।