सुल्तानपुर। कोरोना काल में यह खबर सुकून पहुंचाने वाली है। बहुप्रतिक्षित मेडिकल कॉलेज के निर्माण कार्य की शुरुआत सोमवार से हो गई। शहर से सटे दूबेपुर ब्लॉक में चिह्नित 110 एकड़ भूमि पर कार्यदाई संस्था ने फाउंडेशन बनाने का काम शुरू कर दिया।
480 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले मेडिकल कॉलेज से लाखों लोगों को चिकित्सीय सेवा मिलेगी। जिले के साथ ही आस-पास के लोगों को लखनऊ व प्रयागराज मेडिकल कॉलेज की दौड़ नहीं लगानी होगी।
शासन ने सुल्तानपुर जिले को वर्ष 2019 में मेडिकल कॉलेज की सौगात दी थी। मेडिकल कॉलेज बनाने के लिए दूबेपुर ब्लॉक में 110 एकड भूमि और जिला अस्पताल में साढ़े सात एकड़ भूमि चिह्नित की गई है। जिला अस्पताल में पुराने भवनों को तोड़कर काम शुरू किया जाएगा।
शासन ने बाकायदा इसके लिए 170 करोड़ रुपये भी आवंटित कर दिया है। मेडिकल कॉलेज बनाने के लिए कार्यदाई संस्था ने सोमवार से दूबेपुर स्थित भूमि पर फाउंडेशन बनाने के लिए काम शुरू कर दिया। मेडिकल कॉलेज बनने से जौनपुर, अमेठी, सुल्तानपुर और प्रतापगढ़ जिले के लोगों को इसका लाभ मिलेगा।
कई जिले के लोगों को मिलेगी राहत : सीएमएस
सुल्तानपुर। सीएमएस डॉ. एससी कौशल ने बताया कि मेडिकल कॉलेज बनाने के लिए एक सौ साढ़े 17 एकड़ भूमि चिह्नित की गई है। 480 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले मेडिकल कॉलेज का काम कार्यदाई संस्था ने शुरू कर दिया है।
मेडिकल कॉलेज बनने से कई जिले के लोगों को राहत मिलेगी। कोरोना की वजह से अभी जिला अस्पताल के चिह्नित भूमि पर बने पुराने भवनों को तोड़ा नहीं जा सका है। हालत में सुधार होने पर पुराने भवनों को तोड़ा जाएगा।
सांसद व विधायक ने सरकार से की थी मांग
सुल्तानपुर। सांसद मेनका गांधी और सुल्तानपुर विधायक सूर्यभान सिंह जिलेवासियों की जरूरत को देखते हुए लंबे समय से मेडिकल कॉलेज खोले जाने की मांग कर रहे थे। सांसद और विधायक के प्रयास का नतीजा रहा कि शासन ने जिले में वर्ष 2019 में जिले को मेडिकल कॉलेज की सौगात दे दी।