स्थानीय सीएचसी पर दुर्व्यवस्था के विरुद्ध मंगलवार को ग्रामीणों ने विरोध-प्रदर्शन कर जमकर नारेबाजी की। एक अधेड़ की सर्प दंश से समुचित इलाज न होने से सोमवार को हुई मौत पर ग्रामीण भड़क गए। कहा कि एक डाक्टर के भरोसे अस्पताल चलाए जाने की वजह से मरीजों का समुचित इलाज नहीं हो पा रहा है।
ग्रामीणों राधेश्याम तिवारी, रमेश सोनी और रामवृक्ष ने कहा कि करोड़ों की लागत से बनकर तैयार सीएचसी पर इलाज का समुचित प्रबंध नहीं है। इसकी वजह से मरीज बे मौत मर रहे हैं।
कहा कि इसका सहज ही अंदाजा सोमवार को सियरिया गांव निवासी एक अधेड़ की सर्प दंश से सीएचसी पर समुचित इलाज के अभाव में हुई मौत से बखूबी लगाया जा सकता है।
वैनी के ग्राम प्रधान प्रतिनिधि योगेंद्र पासवान, दुबेपुर ग्राम प्रधान जाहिर और पवनी ग्राम प्रधान राम सूरत ने कहा कि सीएचसी होने का क्या मतलब जब यहां पर जनता को समुचित इलाज मिलेगा ही नहीं।
कहा कि पड़ोसी प्रांत बिहार और चंदौली जिले के लोग बीमारी हाल में यहां पर आते हैं। लेकिन अकेले डाक्टर होने की वजह से यहां पर इलाज करने के बजाय सीधे जिला अस्पताल रेफर कर दिया जाता है।
राजनाथ सिंह और परमा सिंह ने डीएम और सीएमओ से सीएचसी में और डाक्टरों की तैनाती किए जाने की मांग की। कहा कि लापरवाह डाक्टर को यहां से हटाया जाए। प्रदर्शन करने वालों में संजू, गुपुत, ताहिर अंसारी, छोटेलाल, पिंटू, रमाशंकर शामिल रहे।