रविंद्र दुबे पुत्र राधेश्याम दुबे निवासी खैराहीवर्तमान में दुबई
सोनभद्र। ईरान और इस्राइल के बीच जंग ने वहां रह रहे भारतीयों की मुश्किल बढ़ा दी है। उनकी सुरक्षा को लेकर परिवारवाले भी चिंतित हैं। सोनभद्र से करीब 300 से ज्यादा लोग खाड़ी देशाें में हैं। हमले की खबर के बाद से ही खाड़ी देशों में रहने वाले अपने प्रियजनों का कुशलक्षेम जानने के लिए हर कोई बेचैन दिखा। फोन व वीडियो कॉल के जरिए वह उनसे संपर्क साधने में लगे रहे। वहां के हालात की जानकारी के साथ सुरक्षित ठिकानों पर जाने और जल्द भारत लौटने की अपील भी करते रहे।
म्योरपुर के खैराही गांव निवासी रवींद्र दुबे दुबई की असानी कंपनी में सिविल इंजीनियर हैं। वहां वीआईपी-2 इलाके में रहते हैं। बातचीत में बताया कि करीब 40 किमी दूर मिसाइल हमले हुए हैं। आसमान में जोरों से धड़ाम-धड़ाम की आवाज आई। इस पर जब बाहर निकले तो केवल धुंआ दिखाई दिया। एयर डिफेंस सिस्टम ने आसमान में मिसाइल मार दिया था। देर शाम वह करीब सात बजे ड्यूटी से घर लौटे, तब से लगातार लोगों के फोन आ रहे हैं। स्थानीय प्रशासन की ओर से सतर्क किया गया है, लेकिन इस इलाके में फिलहाल कोई खतरा नहीं है।
सऊदी अरब के दम्माम में सुधीर पावर लिफ्टिंग कंपनी के असिस्टेंट मैनेजर पद पर कार्यरत कुदरी गांव निवासी मनोज गुप्ता बताते हैं कि पूरा इलाका हाई अलर्ट पर है। हम लोग अभी सुरक्षित हैं, लेकिन देश के दूसरे इलाकों में लगातार हमले हो रहे हैं। इससे डर बना हुआ है। वहीं शाहगंज क्षेत्र के संतोष निषाद अबू धाबी में रहते हैं। वहां एक निजी कंपनी में सुपरवाइजर के पद पर हैं। घटना के बाद से परिवार वाले सहमे हुए हैं। पत्नी मिथिलेश कुमारी से उन्होंने शाम को फोन पर बातचीत की। बताया कि जिस क्षेत्र में हमला हुआ है, वह उनके यहां से काफी दूर हैं। वह पूरी तरह सुरक्षित हैं। बावजूद परिवार वालों की चिंता बनी हुई है। उन्होंने हालात सामान्य होते ही पति से घर लौटने की अपील की।