बीजपुर। एनटीपीसी रिहंद के राख बंधे से राख की ढुलाई कर रहे विभिन्न एजेंसियों के वाहनों की तरफ से सड़क पर राख गिराने का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा। बुधवार की रात ओवरलोड राख वाहनों से बीजपुर-रेणुकूट मार्ग पर अंजानी गांव के पास जगह-जगह भारी मात्रा में बीच सड़क पर ही राख गिरा दी गई। सुबह जब ग्रामीण घरों से निकले तो सड़क पर फैली राख देख भड़क गए।
गुजर रहे वाहनों से उड़ रहे राख से लोगों को सांस लेना मुश्किल हो गया है। सामाजिक कार्यकर्ता श्याम मोहन की पहल पर ग्रामीणों ने एकत्रित होकर सड़क की सफाई की व पानी छिड़काव किया।
ग्रामीणों का आरोप था कि राख ढुलाई में लगे वाहन बिना तौल किए क्षमता से अधिक राख लोड कर चल रहे हैं। जब वाहन चढ़ाई पर चढ़ नहीं पाते तो बीच सड़क पर ही राख को गिरा दिया जाता है। सड़क पर फैली राख छोटे वाहनों के लिए मुसीबत बन जाती है। खासकर दोपहिया वाहन सड़क पर उड़ती राख के कारण चल नहीं पा रहे हैं। सड़क पर फैली राख के कारण दुर्घटनाओं का ग्राफ बढ़ गया है। सड़क पर फैली राख ने आसपास के जंगलों सहित खेतों को अपनी चपेट में ले लिया है। इससे ग्रामीणों की फसल बर्बाद हो रही है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि एनटीपीसी रिहंद के राख प्रबंधन को कई बार बताया गया, लेकिन अधिकारी सिर्फ आश्वासन दे रहे हैं। इसका असर कहीं दिखाई नहीं पड़ता। सामाजिक कार्यकर्ता श्याम मोहन ने बताया कि जब अधिकारी संज्ञान नहीं ले रहे तो हमें मजबूरी में फावड़ा व तगाड़ी लेकर सड़क की सफाई कर टैंकर से पानी का छिड़काव कराना पड़ा। इस संबंध में एनटीपीसी रिहंद के ईएमजी उप प्रबंधक पी.लक्ष्मी ने बताया कि राख हटवाने व पानी छिड़काव का काम हर रोज किया जाता है। राख डाल्टनगंज तक जाती है। इतनी दूर तक पानी का छिड़काव व राख हटवाना संभव नहीं है।