सुबह ट्रेन पकड़ने की बात कही। इसके बाद उन्होंने भूख लगने की बात कहते हुए खाना बनाया और घर वालों सहित पड़ोस में रहने वाले एक व्यक्ति को भी खिलाया। खाना खाने के बाद रात में सभी अचेत हो गए। बंशल परिवार के लोग सुबह नहीं जगे तो पड़ोसियों ने जगाने का प्रयास किया।
कोई गतिविधि न होने पर आनन फानन में बुधवार की सुबह सभी को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चोपन ले गए। यहां सुनीता(45), मनु(17) और खुशबू(14) की हालत गंभीर होने पर उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया। वहीं मोहन बंसल(50), ज्योति कुमारी(18), टीरु उर्फ सत्येंद्र(30) और पड़ोसी उपेंद्र(22) का इलाज चोपन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कराया जा रहा है।
अनजान व्यक्ति घर का सामान चोरी कर फरार हो गए। घटना की सूचना पर ओबरा एसडीएम प्रकाश चंद, क्षेत्राधिकारी भाष्कर वर्मा, ओबरा थाना प्रभारी शैलेश राय ने मौके पर पहुंच जांच शुरू कर दिया है।